जामताड़ा:क्या आईआरबी कर्मी चुनाव में प्रत्याशी का निवेदक बन सकता है? संबंधित पदाधिकारी बयान देने से कतरा रहे है, जनता में उहापोह की स्थिति
निजाम खान की स्पेशल रिपोर्ट
जामताड़ा: आगामी 27 मई को जामताड़ा जिला के जामताड़ा, नाला तथा कुंडहित में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव होना है|इसके लिए अब प्रत्याशियों द्वारा प्रचार प्रसार की जा रही है |लेकिन इन दिनों कुंडहित प्रखंड में प्रचार प्रसार में कई गलत नियम भी देखने को मिल रहा है|आचार संहिता का उल्लंघन मामला भी कुंडहित प्रखंड में देखने को मिला है| लेकिन इसमें प्रशासन मौन धारण कर बैठा है| सूत्र से मिली जानकारी के मुताबिक आपको बता दें नगरी पंचायत में मुखिया प्रत्याशी के रूप में ममता पुजहर ने अपना भाग्य आजमाने के लिए चुनाव मैदान में उतर गई है जिसका निवेदक उनका पति प्रसेंजीत पुजहर है जो आईआरबी अर्थात इंडियन रिजर्व बटालियन दुमका विभाग में कार्यरत है| गौरतलब है कि कोई भी सरकारी कर्मचारी किसी का भी चुनाव में प्रचार प्रसार नहीं कर सकता | लेकिन यहां तो मौखिक तो दूर की बात, बल्कि लिखित रूप से निवेदक बनकर प्रचार प्रसार करने में जुट गए हैं| निवेदक को भी एक तरफ से प्रचारक कहा जा सकता है |इस संबंध में रिटर्निंग ऑफिसर सह अंचलाधिकारी नित्यानंद प्रसाद को फोन पर कई बार संपर्क करने का कोशिश किया गया फोन रिसीव नहीं किया गया |ऐसे में मामला अब तूल पकड़ने लगा है |सरकारी नौकरी करने वाला अपनी पत्नी का प्रचार कैसे कर सकता है| लोगों ने प्रशासन से इस ओर ध्यान आकर्षित करने हैं मांग की है और मामले की जांच कर उचित कार्यवाही करने की भी मांग की है| हालांकि यहां भी जानकारी प्राप्त हुई है कि सरकारी नौकरी करने वाला अपने रिश्तेदार का निवेदक बन सकता है|ऐसे में मामला जांच का विषय बना है| क्योंकि संबंधित पदाधिकारी इसमें बयान देने से कतरा रहे हैं |अधिकारिक पुष्टि होने के बाद ही मामला को बताया जा सकता है| इस संबंध में ममता पुजहर के निवेदक प्रसेंजीत पुजहर ने कहा कि इसके बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है|कहा कि सरकारी कर्मी को प्रचार नहीं करना चाहिए ,प्रचारक भी नहीं बनना चाहिए| वहीं उन्होंने कहा कि वह अपनी पत्नी का प्रचार नहीं किए हैं| मामला जांच का विषय है |अब जांच के बाद ही पता चल सकता है मामला कहां तक सही और कहां तक गलत है|