Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » जैव विविधता और व्यवसाय एक-दूसरे से जुड़े हैं, कंपनियां प्रकृति की रक्षा करेगी तो उनका खुद का भविष्य भी सुरक्षित रहेगा : शैलजा सिंह
    Breaking News कारोबार चाईबासा जमशेदपुर झारखंड शिक्षा सरायकेला-खरसावां हजारीबाग

    जैव विविधता और व्यवसाय एक-दूसरे से जुड़े हैं, कंपनियां प्रकृति की रक्षा करेगी तो उनका खुद का भविष्य भी सुरक्षित रहेगा : शैलजा सिंह

    Aman KumarBy Aman KumarApril 28, 2025No Comments3 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    जैव विविधता और व्यवसाय एक-दूसरे से जुड़े हैं, कंपनियां प्रकृति की रक्षा करेगी तो उनका खुद का भविष्य भी सुरक्षित रहेगा : शैलजा सिंह
    राष्ट्रीय संवाद संवाददाता

    जमशेदपुर, 28 अप्रैल ; देश के पहले प्रबंधन संस्थान एक्सएलआरआई – जेवियर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट ने सोमवार को इंटरनेशनल यूनियन फॉर कंजरवेशन ऑफ नेचर (आइयूसीएन) के साथ मिलकर बिजनेस-बायोडायवर्सिटी कॉन्क्लेव का आयोजन किया. इस कार्यक्रम में उद्योग, शिक्षा, सरकार और वैश्विक संगठनों के दिग्गज एक मंच पर आए. इस दौरान मुख्य रूप से इस बात पर मंथन किया कि कैसे जैव विविधता संरक्षण में व्यवसाय बड़ी भूमिका निभा सकते हैं.

    कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई. इसके बाद प्रो. टाटा एल. रघु राम ने एक्सएलआरआई के सस्टेनेबल डेवलपमेंट के प्रति संकल्प को रेखांकित किया.

    आईयूसीएन के वरिष्ठ अधिकारी डॉ. यशवीर भटनागर ने दुनिया भर में निजी क्षेत्र के जैव विविधता से जुड़े प्रयासों की जानकारी दी और कहा कि अब कंपनियों को भी पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी निभानी होगी.

    एक्सएलआरआई के डीन एकेडमिक प्रो. संजय पात्रो ने कहा कि संस्थान ने 2006 में ही संयुक्त राष्ट्र के ग्लोबल कॉम्पैक्ट पर हस्ताक्षर कर सस्टेनेबल डेवलपमेंट के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई थी.

    टाटा स्टील फाउंडेशन के सीईओ सौरव रॉय ने अपने भाषण में कहा कि कंपनियों को अपनी नीतियों में जमीनी हकीकतों को भी शामिल करना चाहिए. उन्होंने बाजार और गैर-बाजार दोनों तरीकों से जैव विविधता संरक्षण को बढ़ावा देने की बात कही.

    मुख्य वक्ता के रूप में झारखंड के प्रधान मुख्य वन संरक्षक (पीसीसीएफ) शैलजा सिंह उपस्थित थे. उन्होंने कहा कि अब कंपनियों को केवल कानूनी औपचारिकताओं तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि पर्यावरण के लिए आगे बढ़कर काम करना चाहिए. उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआइ) मशीन लर्निंग (एमएल) और इंटरनेट ऑफ थिंग्स (आइओटी) जैसी तकनीकों के जरिए जैव विविधता संरक्षण के नए रास्ते अपनाने का सुझाव दिया.

    इसके बाद पैनल चर्चा हुई, जिसमें टाटा पावर, टाटा स्टील, भारतीय मानक ब्यूरो (बीआइएस) और आईयूसीएन के विशेषज्ञों ने भाग लिया. चर्चा में जैव विविधता के लिए बीमा समाधान, विदेशी प्रजातियों का प्रबंधन और व्यवसायों द्वारा पर्यावरणीय जोखिम कम करने के तरीकों पर बातचीत हुई.

    सभी विशेषज्ञों ने एक सुर में कहा कि जैव विविधता और व्यवसाय एक-दूसरे से जुड़े हैं. अगर कंपनियां प्रकृति की रक्षा करेंगी तो उनका खुद का भविष्य भी सुरक्षित रहेगा.

    कॉन्क्लेव के जरिए एक्सएलआरआई ने एक बार फिर यह साबित किया कि वह न केवल बेहतरीन प्रबंधक तैयार कर रहा है, बल्कि उन्हें समाज और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार बनाना भी उसकी प्राथमिकता है.

    कंपनियां प्रकृति की रक्षा करेगी तो उनका खुद का भविष्य भी सुरक्षित रहेगा : शैलजा सिंह जैव विविधता और व्यवसाय एक-दूसरे से जुड़े हैं
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleपूर्वी सिंहभूम में बाल विवाह रोकने के लिए धर्मगुरु बने संरक्षक, आदर्श सेवा संस्थान के अभियान को मिली बड़ी सफलता
    Next Article रणक्षेत्र बना गिरिडीह का तिसरी अंचल कार्यालय प्रशासन से उलझे किसान जनता पार्टी के सदस्य पथराव और तोड़फोड़

    Related Posts

    भाजपा में बवाल: कदमा मंडल अध्यक्ष नियुक्ति पर 44 BLA-2 का इस्तीफा

    June 4, 2026

    मेघालय से विश्व पर्यावरण दिवस: प्रकृति-प्रेमी जीवनशैली

    June 4, 2026

    क्या बेलपत्र डेंटल क्लिनिक कानून से ऊपर है? या स्वास्थ्य विभाग ने आंखें मूंद रखी हैं?

    June 4, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    भाजपा में बवाल: कदमा मंडल अध्यक्ष नियुक्ति पर 44 BLA-2 का इस्तीफा

    गिरती पत्रकारिता: आईना कब तक तोड़ोगे!

    मालवीय नगर अग्निकांड: 21 मौतों का जिम्मेदार कौन?

    मेघालय से विश्व पर्यावरण दिवस: प्रकृति-प्रेमी जीवनशैली

    पर्यावरणीय संकट: समाधान की ओर बढ़ते कदम

    क्या बेलपत्र डेंटल क्लिनिक कानून से ऊपर है? या स्वास्थ्य विभाग ने आंखें मूंद रखी हैं?

    राखा कॉपर प्लांट विस्तार पर बवाल: पेड़ कटाई से भड़के ग्रामीण, ग्रामसभा ने रुकवाया काम

    एमजीएम अस्पताल को जल्द मिलेगी निर्बाध पेयजल आपूर्ति, उपायुक्त ने निर्माणाधीन वाटर टावर का किया निरीक्षण

    अखिल भारतीय लोधी क्षत्रिय महासभा और आलोक संस्था की बैठक, सामाजिक उत्थान पर हुई चर्चा

    चालान विवाद पर बवाल: युवक ने एसएसपी कार्यालय पहुंच जताया विरोध, वायरल वीडियो से बढ़ी हलचल

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.