बीड़ी पर बवाल: कांग्रेस के ट्वीट ने बढ़ाई तेजस्वी की मुश्किलें, भाजपा को मिला बड़ा मुद्दा
राष्ट्र संवाद ब्यूरो
अशोक कुमार ठाकुर
पटना | बिहार चुनाव 2025
बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस के एक विवादित ट्वीट ने पूरे राजनीतिक माहौल को गर्मा दिया है। ट्वीट में बिहार की आर्थिक स्थिति की तुलना “दिवालिया की जेब में बीड़ी” से की गई, जिसके बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष, दोनों के बीच बिहारी अस्मिता को लेकर सियासी जंग छिड़ गई है।

कांग्रेस का मकसद था बिहार की बदहाल अर्थव्यवस्था को उजागर करना, लेकिन ट्वीट की भाषा और लहजे ने इसे बिहारी अस्मिता पर चोट के रूप में पेश कर दिया। भाजपा ने इसे तुरंत लपक लिया और कांग्रेस पर “बिहार का अपमान” करने का आरोप लगाते हुए चुनावी मैदान में इसे बड़ा मुद्दा बना दिया।
महागठबंधन के बड़े नेता और राजद प्रमुख तेजस्वी यादव ने इस ट्वीट से खुद को स्पष्ट रूप से अलग कर लिया।
तेजस्वी ने कहा बिहार और बिहारी का अपमान किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं। यह कांग्रेस का बयान है, राजद का नहीं।

तेजस्वी की यह रणनीति बताती है कि वे इस बार चुनाव में बिहारी अस्मिता को हथियार बनाना चाहते हैं। कांग्रेस के बयान से दूरी बनाकर वे भाजपा को यह मौका नहीं देना चाहते कि महागठबंधन को बिहारी विरोधी करार दिया जाए।
महागठबंधन के एक और सहयोगी, सपा प्रमुख अखिलेश यादव, ने इस विवाद पर सीधे प्रतिक्रिया देने से परहेज किया। उन्होंने सिर्फ इतना कहा हम बिहार की जनता का सम्मान करते हैं
भाजपा ने कांग्रेस के ट्वीट को हाथोंहाथ लपक लिया है। पार्टी नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसे “बिहारी स्वाभिमान पर हमला” बताते हुए कहा कांग्रेस और उसके सहयोगी बिहार की गरिमा को ठेस पहुंचा रहे हैं। बिहार की जनता जवाब देगी।”यह स्पष्ट है कि भाजपा अब इस बयान को चुनावी मुद्दा बनाकर आक्रामक तेवर दिखाने की तैयारी में है

भाजपा इसे बिहारी सम्मान का मुद्दा बनाकर भुनाने की कोशिश करेगी, जबकि तेजस्वी यादव महागठबंधन में कांग्रेस से दूरी बनाकर राजद की छवि बचाने में जुट जाएंगे।

