राष्ट्र संवाद संवाददाता
बहरागोड़ा प्रखंड अंतर्गत गुहियापाल पंचायत के बांकदह गांव की बेटी पूजा महाकुड़ ने अपनी कड़ी मेहनत, दृढ़ संकल्प और निरंतर संघर्ष के बल पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल कर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उनका चयन महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत कनीय अभियंता (Junior Engineer) के पद पर हुआ है। इस सफलता से पूरे क्षेत्र में हर्ष और गर्व का माहौल व्याप्त है।
साधारण परिवार से असाधारण सफलता तक का सफर
ग्रामीण परिवेश और सीमित संसाधनों के बीच पली-बढ़ी पूजा महाकुड़ ने यह साबित कर दिया कि यदि लक्ष्य के प्रति समर्पण और मेहनत सच्ची हो, तो कोई भी बाधा सफलता की राह में रुकावट नहीं बन सकती।
पूजा के पिता प्रणब महाकुड़ पेशे से राजमिस्त्री हैं, जो दिन-रात मेहनत कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। उनकी माता सबिता महाकुड़ राशन दुकान चलाकर परिवार को सहयोग देती हैं। आर्थिक चुनौतियों के बावजूद परिवार ने शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी और पूजा ने भी अपने सपनों को साकार करने के लिए अथक परिश्रम किया।
उपायुक्त ने सौंपा नियुक्ति पत्र
जमशेदपुर स्थित उपायुक्त कार्यालय में आयोजित एक औपचारिक कार्यक्रम के दौरान पूर्वी सिंहभूम के उपायुक्त द्वारा पूजा महाकुड़ को नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया। इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों ने उनकी इस उपलब्धि की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
गांव में जश्न, बधाइयों का तांता
जैसे ही पूजा की सफलता की खबर बांकदह गांव पहुंची, पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों, मित्रों और परिजनों ने उन्हें बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
बेटियों के लिए बनी प्रेरणास्रोत
पूजा महाकुड़ की यह सफलता समाज के लिए एक सकारात्मक संदेश है कि बेटियां आज हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। उनकी उपलब्धि उन सभी छात्राओं के लिए प्रेरणास्रोत है, जो विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपने सपनों को पूरा करने का साहस रखती हैं।

