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    Home » नक्सल सर्च अभियानों की आड़ में सुरक्षा बलों द्वारा लोगों को परेशान न किया जाए और आदिवासियों पर हिंसा न हो: डॉ अजय
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    नक्सल सर्च अभियानों की आड़ में सुरक्षा बलों द्वारा लोगों को परेशान न किया जाए और आदिवासियों पर हिंसा न हो: डॉ अजय

    News DeskBy News DeskDecember 9, 2022No Comments2 Mins Read
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    नक्सल सर्च अभियानों की आड़ में सुरक्षा बलों द्वारा लोगों को परेशान न किया जाए और आदिवासियों पर हिंसा न हो: डॉ अजय

     

    कांग्रेस कार्यसमिति के स्थायी आमंत्रित सदस्य और जमशेदपुर के पूर्व सांसद,आईपीएस डॉ अजय कुमार ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को एक पत्र लिख कर नक्सल सर्च अभियानों की आड़ में सुरक्षा बलों द्वारा लोगों को परेशान ,आदिवासियों पर हिंसा तथा ग्रामीणों पर फ़र्ज़ी आरोपों पर मामला दर्ज करना पुर्णतः बंद करने का अनुरोध किया।

     

    पत्र में डॉ अजय ने पश्चिमी सिंहभूम के एक गांव में घटी एक घटना का हवाला दिया. 11 नवम्बर 2022 को चिरियाबेड़ा गाँव में सर्च अभियान के दौरान सुरक्षा बलों द्वारा निर्दोष आदिवासियों के साथ हिंसा की गयी। 12 नवम्बर को स्थानीय अख़बारों में छपे खबर के अनुसार यह कोबरा-209/205, झारखंड जैगुआर,

     

    सीआरपीएफ की बटालियन व स्थानीय पुलिस का संयुक्त अभियान था। झारखंड जनाधिकार महासभा, जो विभिन्न जन संगठनों व सामाजिक कार्यकर्ताओं का मंच है, द्वारा इस मामले का तथ्यान्वेषण किया गया था। इस विषय पर महासभा प्रतिनिधिमंडल उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक से 2 दिसम्बर 2022 को मिलकर चर्चा की गई थी।

    डॉ अजय ने कहा कि अभियान के दौरान गाँव की कई महिलाओं समेत निर्दोष आदिवासियों की पिटाई की गयी, एक नाबालिक लड़की के साथ बलात्कार के उद्देश्य से छेड़खानी किया गया और घरों में रखे समान को तहस-नहस किया गया। सुरक्षा बलों ने कईओं के घरों में रखे सामान (धान, कपड़े, बर्तन आदि) एवं खलियान में रखे धान को तहस-नहस कर दिया। इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़ा किया है। पीड़ितों ने कई बार विभिन्न स्तरों पर लिखित आवेदन दिया लेकिन आज तक न दोषी सुरक्षा बलों के विरुद्ध कार्यवाई हुई और न पीड़ितों को मुआवज़ा मिला।

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