
बेलडीह पंचायत के पाकोटोड़ा सबर बस्ती पहुंचे राजकुमार जाना समस्या कुम्हार से दीये भी खरीदे
बोड़ाम प्रखंड की बेलडीह पंचायत के पाकोटोड़ा सबर बस्ती में जाकर देखा तो पता चला कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी ने समाज के जिस अंतिम व्यक्ति की बात की है, वह कैसा होता है. पीएलवी निताई चंद्र गोराई ने बताया था कि तामुकबेड़ा टोला में रहनेवाले आदिम जनजाति के ये सबर आज भी आदिम युग में जी रहे हैं. वहां पहुंचने पर उनकी हालत देखकर मन भीग गया. सोचा दीवाली के मौके पर इनके चेहरे पर थोड़ी मुस्कान बिखर जाये, तो जो रोशनी फैलेगी, वह हजार रंगीन बल्बों से अधिक रंगीन होगी. प्रधानमंत्री आदरणीय नरेंद्र मोदी जी के वोकल फॉर लोकल और किसान मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष माननीय श्री राजकुमार चाहर जी के निर्देश का पालन करते हुए पटमदा के लावा गांव के कुम्हार से दीये खरीदे और अपने सबर भाई-बहनों और उनके बच्चों के लिए दीया, बत्ती, तेल और मिठाई लेकर गया. कहते हैं, अहसास को शब्दों की जरूरत नहीं होती. वह तो भावों से अभिव्यक्त होता है. तसवीर में इन मासूम बच्चों और भोले सबर भाईयों को देखिए. उन्हें खुशी और हंसी के दो पल देकर मैंने संसार का सारा सुख पा लिया है.

