मुसहर समुदाय भी हमारे समाज का हिस्सा : रामबहादुर राय
आईजीएनसीए में ‘होमस्टेड लैंड एंटाइटलमेंट एंड मुसहर कम्युनिटी इन बिहार’ पुस्तक का लोकार्पण
राष्ट्र संवाद संवाददाता
नई दिल्ली, 1 सितंबर। इन्दिरा गांधी राष्ट्रीय कला केन्द्र (आईजीएनसीए) के कलानिधि प्रभाग में डॉ. हरीश कुमार की पुस्तक ‘होमस्टेड लैंड एंटाइटलमेंट एंड मुसहर कम्युनिटी इन बिहार : ए सोशल वर्क पर्सपेक्टिव’ का लोकार्पण एवं परिचर्चा आयोजित हुई। पुस्तक का प्रकाशन मानक पब्लिकेशन ने किया है।
कार्यक्रम में आईजीएनसीए ट्रस्ट के अध्यक्ष रामबहादुर राय ने कहा कि पुस्तक मुसहर समुदाय के जीवन की ओर एक महत्वपूर्ण खिड़की खोलती है। उन्होंने कहा कि मुसहर समुदाय भी हमारे समाज का हिस्सा है और उसके विकास के लिए कॉरपोरेट जगत के सीएसआर फंड का कुछ हिस्सा उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास होना चाहिए।
गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राणा प्रताप सिंह ने कहा कि समाज भी मानव शरीर की तरह एक जटिल व्यवस्था है। समाज के समुचित विकास के लिए मुसहर समुदाय का सशक्तीकरण जरूरी है। पत्रकार अरविंद मोहन ने कहा कि मुसहर समुदाय के लिए घर केवल रहने की जगह नहीं, बल्कि सम्मान, सुरक्षा और जीवन का आधार है। दिल्ली विश्वविद्यालय की प्रो. नीना पांडेय ने सामाजिक सोच में बदलाव और शिक्षा की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि यह पुस्तक एक महत्वपूर्ण शुरुआत है।
कार्यक्रम में मुसहर समुदाय की सामाजिक-आर्थिक स्थिति, आवासीय भूमि के अधिकार, सामाजिक न्याय और सशक्तीकरण से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। परिचर्चा में कला, संस्कृति, पत्रकारिता, सामाजिक कार्य और अकादमिक जगत से जुड़े लोगों ने सहभागिता की।

