लेखक: राष्ट्र संवाद संवाददाता
राष्ट्रीय राजमार्ग 49 के माटिहाना क्षेत्र में स्ट्रीट लाइटें लंबे समय से बंद पड़ी हैं, जिससे रात में अंधेरा छाया रहता है और हादसों का खतरा बना रहता है।
बहरागोड़ा स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग-49 के माटिहाना क्षेत्र में स्थापित सभी स्ट्रीट लाइटें लंबे समय से बंद पड़ी हैं। इसके कारण रात्रि होते ही पूरा क्षेत्र अंधेरे में डूब जाता है, जिससे वाहन चालकों, राहगीरों एवं स्थानीय लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार संबंधित विभाग का ध्यान इस समस्या की ओर आकृष्ट कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है।
माटिहाना राष्ट्रीय राजमार्ग 49 का व्यस्त हिस्सा है, जहां दिन-रात भारी मालवाहक वाहनों, बसों, निजी वाहनों एवं दोपहिया वाहनों का आवागमन लगातार बना रहता है। स्ट्रीट लाइटें बंद रहने से रात्रि के समय सड़क पर दृश्यता काफी कम हो जाती है। ऐसे में वाहन चालकों को आगे की स्थिति का सही आकलन करने में कठिनाई होती है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ जाती है। वहीं, पैदल चलने वाले लोगों और स्थानीय ग्रामीणों को भी अंधेरे के कारण सुरक्षा संबंधी जोखिम का सामना करना पड़ता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत कर उन्हें चालू नहीं कराया गया तो भविष्य में कोई गंभीर सड़क दुर्घटना हो सकती है। उनका कहना है कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था यात्रियों और स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है।
ग्रामीणों ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण एवं संबंधित विभाग से अविलंब स्थल का निरीक्षण कर बंद पड़ी सभी स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत कराने तथा नियमित रखरखाव सुनिश्चित करने की मांग की है। उनका कहना है कि शीघ्र कार्रवाई से दुर्घटनाओं की आशंका कम होगी और रात्रि में आवागमन करने वाले लोगों को राहत मिलेगी।
राष्ट्रीय राजमार्ग 49 पर सुरक्षा व्यवस्था की मांग
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के मानदंडों के अनुसार, व्यस्त राष्ट्रीय राजमार्गों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था अनिवार्य है। माटिहाना जैसे व्यस्त जंक्शन पर स्ट्रीट लाइटों का महीनों से बंद रहना प्रशासनिक उदासीनता को दर्शाता है। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, राजमार्गों पर अपर्याप्त प्रकाश व्यवस्था रात्रिकालीन दुर्घटनाओं के प्रमुख कारणों में से एक है। झारखंड के ग्रामीण इलाकों से गुजरने वाले राजमार्गों पर यह समस्या अधिक गंभीर है, जहां पैदल यात्री और धीमी गति के वाहन भी हाईवे का उपयोग करते हैं।
स्थानीय प्रशासन और एनएचएआई के बीच रखरखाव की जिम्मेदारी को लेकर अक्सर असमंजस की स्थिति बनी रहती है, जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ता है। बहरागोड़ा प्रखंड के अंतर्गत आने वाला यह क्षेत्र औद्योगिक दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण है, जहां भारी वाहनों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में प्रकाश व्यवस्था की बहाली न केवल सुरक्षा की दृष्टि से बल्कि औद्योगिक गतिविधियों के सुचारू संचालन के लिए भी आवश्यक है।
विशेषज्ञों का मानना है कि सोलर स्ट्रीट लाइटों का अधिष्ठापन इस समस्या का दीर्घकालिक समाधान हो सकता है, जिससे बिजली बिल और मेंटेनेंस का खर्च कम होगा। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से हस्तक्षेप कर एनएचएआई के अधिकारियों के साथ बैठक बुलाने और त्वरित समाधान निकालने का आग्रह किया है। सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता अभियान चलाने के साथ-साथ बुनियादी ढांचे को दुरुस्त करना समय की मांग है। अधिक जानकारी के लिए आप भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की आधिकारिक वेबसाइट पर जा सकते हैं।
उम्मीद है कि संबंधित विभाग जनहित में संज्ञान लेकर शीघ्र ही माटिहाना क्षेत्र में स्ट्रीट लाइटों को दुरुस्त कराएगा, ताकि रात्रि में आवागमन करने वाले लोगों को सुरक्षित माहौल मिल सके।

