5लाख60 हजार के दोस्ताना कर्ज को लेकर विवाद, जमशेदपुर निवासी ने लगाया धोखाधड़ी का आरोप
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर के साकची मोहंडम लाइन निवासी रफीक उर्फ रिंकू ने चाईबासा के बड़ा बाजार निवासी जहांगीर आलम पर दोस्ताना कर्ज लौटाने में आनाकानी और धोखाधड़ी करने का गंभीर आरोप लगाया है। रफीक के बिजनेस पार्टनर मोहम्मद खालिद ने मीडिया से बातचीत में बताया कि करीब तीन महीने पहले जहांगीर आलम ने उनसे दोस्ताना संबंधों के आधार पर 560000 लाख उधार लिए थे। सुरक्षा के तौर पर जहांगीर ने ₹5.60 लाख का एक ब्लैंक चेक भी उन्हें दिया था।
रफीक का आरोप है कि तय समय बीतने के बाद जब उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे तो जहांगीर ने रकम लौटाने से इनकार कर दिया। इसके बाद जहांगीर ने कथित तौर पर कहा कि जब तक पूरी राशि वापस नहीं कर देते, तब तक उनकी कार और मोबाइल फोन को गिरवी के रूप में अपने पास रख लें।
रफीक का कहना है कि बाद में जहांगीर आलम ने पलटकर उनके खिलाफ थाने में गाड़ी और मोबाइल छीनने (छिनतई) का मामला दर्ज करा दिया। वहीं, जब रफीक ने अपने पास मौजूद चेक को बैंक में जमा किया तो वह बाउंस हो गया।
रफीक उर्फ रिंकू ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर न्याय दिलाने की मांग की है। फिलहाल यह मामला दोनों पक्षों के बीच वित्तीय लेन-देन और आरोप-प्रत्यारोप का है। पुलिस मामले की जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

