पश्चिमी सिंहभूम पुलिस ने किया गिरोह का खुलासा, फर्जी सीआईडी अधिकारी बनकर वसूली करने वाला ठग गिरफ्तार
राष्ट्र संवाद संवाददाता अमन ओझा
चाईबासा पश्चिमी सिंहभूम जिले में फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर लोगों से ठगी करने वाले एक शातिर गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके साथ शामिल एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया है। आरोपी खुद को सीआईडी का अधिकारी बताकर आम लोगों को डराता-धमकाता था और इसी बहाने उनसे अवैध रूप से पैसे वसूल करता था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी फर्जी पुलिस नंबर प्लेट और पुलिस का लोगो लगी मोटरसाइकिल का इस्तेमाल कर इलाके में घूमता था, जिससे लोग उसे असली पुलिस अधिकारी समझ बैठते थे। गुरुवार को गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने टुंगरी पुल के पास एक संदिग्ध बाइक को रोककर जांच की। तलाशी के दौरान बाइक सवार व्यक्ति ने अपना नाम रोशन एक्का (उम्र 38 वर्ष) बताया, जबकि उसके साथ मौजूद दूसरा व्यक्ति नाबालिग पाया गया।
जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि बाइक पर लगी नंबर प्लेट पूरी तरह फर्जी थी, जबकि असली नंबर प्लेट को सीट के नीचे छिपाकर रखा गया था। पुलिस ने आरोपियों के पास से एक चोरी का मोबाइल फोन समेत अन्य मोबाइल भी बरामद किए हैं। प्रारंभिक पूछताछ में यह भी सामने आया कि आरोपी अपने व्हाट्सएप प्रोफाइल पर वरीय पुलिस अधिकारियों की तस्वीर लगाकर खुद को बड़ा अधिकारी बताता था और लोगों पर रौब जमाता था।
पुलिस पूछताछ में दोनों ने स्वीकार किया कि करीब दो महीने पहले नोवामुंडी थाना क्षेत्र में उन्होंने खुद को सीआईडी इंस्पेक्टर बताकर एक युवक से ठगी की थी। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी का आपराधिक इतिहास भी रहा है और वह पहले भी सजा काट चुका है। इस मामले में मुफ्फसिल थाना में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच की जा रही है।
पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति, फर्जी वर्दीधारी या खुद को अधिकारी बताने वाले लोगों के झांसे में न आएं। किसी भी प्रकार की शंका होने पर तुरंत नजदीकी थाना या पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते ऐसे अपराधियों पर कार्रवाई की जा सके।

