Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » राष्ट्रीय स्तर पर नीप लागू करना जरूरीः डॉ. आर.एन. सिंह
    Breaking News उत्तर प्रदेश झारखंड

    राष्ट्रीय स्तर पर नीप लागू करना जरूरीः डॉ. आर.एन. सिंह

    News DeskBy News DeskFebruary 23, 2025No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    झारखंड, असम और गुजरात में भी इन्सेफेलाइटिस का कहर, सैकड़ों बालक समा चुके हैं काल के गाल में
    दर्जनों बार खून से खत लिख चुके हैं डॉ. सिंह

    राष्ट्र संवाद

    गोरखपुर। पूर्वांचल के नामचीन बाल रोग विशेषज्ञ और इन्सेफेलाइटिस उन्मूलन अभियान के चीफ कैंपेनर डॉ. आर.एन. सिंह ने एक बार फिर केंद्र सरकार से इन्सेफेलाइटिस के उन्मूलन के लिए नीप (नेशनल प्रोग्राम फार प्रिवे़शन एंड कंट्रोल आफ इन्सेफेलाइटिस) लागू करने की मांग की है।

    डॉ. सिंह पूर्वांचल में इन्सेफेलाइटिस उन्मूलन के लिए दस से ज्यादा वर्षों से लगातार लगे रहे हैं। उन्होंने जन-जागरुकता फैलाने के लिए अनेक बार खून से खत भी लिखे। ये उनके प्रयासों का ही सुफल रहा कि गोरखपुर समेत पूर्वांचल में अब इस जानलेवा बीमारी का खतरा लगभग टल गया है। अब इन्सेफेलाइटिस का कहर पूर्वांचल के नौनिहालों पर बेहद कम हो गया है।

    डॉ. सिंह कहते हैः यह ठीक है कि पूर्वांचल में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सक्रिय भागीदारी से इन्सेफेलाइटिस का कहर काफी कम हुआ है लेकिन आपको याद रखना होगा कि असम, झारखंड और गुजरात में इस बीमारी ने सैकड़ों जानें ली हैं। नीप को अभी तक पूरे देश में सक्रिय रूप से लागू नहीं किया गया है। नेशनल प्रोग्राम (नीप) के जरिये इन्सेफेलाइटिस का देश के हर प्रदेश से अंत हो, हम यही चाहते हैं। इस संबंध में ठीक उसी तरह अभियान चलाने की जरूरत है, जैसा हम लोगों ने पोलियो और स्माल पाक्स के लिए चलाय़ा था। एक बार जब नेशनल प्रोग्राम बन गया तो इन बीमारियों से देश पूरी तरह मुक्त हो सका। यही इन्सेफेलाइटिस के लिए भी करने की जरूरत है।

    निरामया क्लिनिक के फाउंडर डॉ. आर. एन. सिंह मानते हैं कि उत्तर प्रदेश, खासकर पूर्वांचल के जिलों से विगत वषों में इन्सेफेलाइटिस पर यकीनन नियंत्रण पाया गया है लेकिन आप राष्ट्रीय स्तर पर देखें तो चौबीस प्रदेशों व यूनियन टेरीटरीज़ में अभी भी यह महामारी मासूमों को लगातार हताहत कर रही है। हमारे अभियान का लक्ष्य इन्सेफेलाइटिस का पूरे देश से खात्मा करना है, ना कि सिर्फ यूपी के पूर्वांचल से।

    डॉ. सिंह बताते हैः ऐसी सूचनाएं हैं कि गत 2024 में ही इन्सेफेलाइटिस व एईएस से गुजरात व मध्यप्रदेश में सैकड़ों मासूमों ने दम तोड़ दिया। असम, बिहार और झारखंड की भी स्थिति ठीक नहीं है। इस बीमारी को रोकने का एक ही रास्ता हैः राष्ट्रीय स्तर पर नीप को लागू किया जाए।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleविधानसभा व लोकसभा में झामुमो को एकतरफा वोट करने वाले बिक्रमपुर के बने अध्यक्ष अय्युब खान,सचिव आजाऊद्दीन खान तथा कोषाध्यक्ष वैद्यनाथ हेम्ब्रम
    Next Article रात 2 बजे आयोजित हुआ मैराथन, जमशेदपुर रनजीनियर्स के धावकों ने लिया हिस्सा

    Related Posts

    MMDR विवाद पर रघुवर दास का हेमंत सरकार पर हमला

    August 26, 2026

    भोटेकोशी नदी बनी काल: नेपाल के रसुवा गढ़ी में भीषण बाढ़ से तबाही, दर्जनों गांव प्रभावित, 1000 से अधिक लोगों के बहने की आशंका

    August 26, 2026

    हुदू में दो जाति वर्ग के बीच वर्षों से बढ़ती खाई*

    August 25, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    MMDR विवाद पर रघुवर दास का हेमंत सरकार पर हमला

    भोटेकोशी नदी बनी काल: नेपाल के रसुवा गढ़ी में भीषण बाढ़ से तबाही, दर्जनों गांव प्रभावित, 1000 से अधिक लोगों के बहने की आशंका

    हुदू में दो जाति वर्ग के बीच वर्षों से बढ़ती खाई*

    नारियल फोड़ने से नहीं, धरातल पर काम से होगा विकास : मीरा मुंडा

    बिहार में विद्यार्थी सहयोग शिविर की शुरुआत: छात्रों की शिकायतों का 30 दिन में समाधान

    विकसित भारत 2047: सरकारी स्कूल की जर्जर हालत सबसे बड़ा सवाल

    लिव इन रिलेशन संस्कृति भगवान शिव की विवाह प्रथा का अपमान: सुनील आनंद

    त्योहार से पहले महंगाई का डबल अटैक, चीनी ₹70 और प्याज ₹60 पार

    पूर्व सीएम चंपाई सोरेन ने कार्यकर्ताओं संग की विभिन्न मुद्दों पर चर्चा

    सांसद बिद्युत बरण महतो की पहल से 11 वर्षीय रेवती का निःशुल्क सफल ऑपरेशन

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.