समाहरणालय में बुजुर्ग महिला की परेशानी पर डीसी की पहल, सात दिनों में पेंशन दिलाने का निर्देश
राष्ट्र संवाद संवाददाता
गिरिडीह समाहरणालय परिसर में मंगलवार को उपायुक्त श्री रामनिवास यादव ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए एक बुजुर्ग महिला की समस्या का तत्काल संज्ञान लिया। समाहरणालय परिसर में मौजूद बुजुर्ग महिला पर उपायुक्त की नजर पड़ी तो उन्होंने स्वयं उनके पास जाकर बातचीत की और उनकी परेशानी, आवश्यकताओं के साथ-साथ स्वास्थ्य एवं हालचाल की जानकारी ली।
बुजुर्ग महिला की पहचान कमला देवी, ग्राम बुधुडीह, पोस्ट बुधुडीह, जिला गिरिडीह के रूप में हुई। बातचीत के दौरान कमला देवी ने उपायुक्त को बताया कि उन्हें अब तक पेंशन योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। उन्होंने अपनी आर्थिक परेशानी से भी अवगत कराया।
मामले की जानकारी मिलते ही उपायुक्त ने इसे गंभीरता से लेते हुए मौके पर ही सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा को बुलाया और आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने स्पष्ट रूप से कहा कि बुजुर्ग महिला की पात्रता की जांच करते हुए उन्हें सात दिनों के भीतर पेंशन योजना का लाभ सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही, यदि पेंशन की कोई राशि पूर्व से लंबित है तो नियमानुसार उसका भी अविलंब भुगतान कराने का निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पात्र लाभुकों को सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। विशेष रूप से बुजुर्ग, दिव्यांग, विधवा एवं अन्य जरूरतमंद लाभुकों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए।
उपायुक्त की इस पहल से एक ओर जहां बुजुर्ग महिला को शीघ्र पेंशन मिलने की उम्मीद जगी है, वहीं दूसरी ओर प्रशासनिक स्तर पर जनसमस्याओं के त्वरित निष्पादन और संवेदनशील प्रशासन की तस्वीर भी सामने आई है। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि सरकारी योजनाओं का लाभ कागजी प्रक्रिया तक सीमित न रहे, बल्कि वास्तविक पात्र लाभुकों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचे।
प्रशासन की इस पहल को आम लोगों के बीच भी सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है। मौके पर ही संबंधित अधिकारी को निर्देश देकर उपायुक्त ने यह स्पष्ट किया कि जनसमस्याओं के समाधान में त्वरित कार्रवाई प्रशासन की प्राथमिकता है।

