Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » रिलायंस समूह ने 14 महीने में चुकाया 35 हजार करोड़ रुपये का कर्ज
    Breaking News Headlines राष्ट्रीय

    रिलायंस समूह ने 14 महीने में चुकाया 35 हजार करोड़ रुपये का कर्ज

    Devanand SinghBy Devanand SinghJune 12, 2019No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी समूह के अध्यक्ष अनिल अंबानी ने कहा कि उनका समूह सभी कर्जों को समय से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है. पिछले 14 महीनों में उनके समूह ने 35,000 करोड़ रुपये का कर्जा चुकाया है. अनिल अंबानी ने एक पत्रकार वार्ता में कहा कि चुनौतीपूर्ण हालातों और वित्तपोषकों से कोई वित्तीय सहायता नहीं मिलने के बावजूद उनके ग्रुप ने एक अप्रैल, 2018 से लेकर 31 मई, 2019 के बीच अपने ऊपर बकाया ऋण में 24,800 करोड़ रुपये मूलधन और 10,600 करोड़ रुपये ब्याज का भुगतान कर दिया है.उन्होंने कहा पिछले कुछ हफ्तों के दौरान गैरवाजिब अफवाहों, अटकलों और रिलायंस समूह की सभी कंपनियों के शेयर में गिरावट के चलते हमारे सभी स्टेकहोल्डर्स को काफी नुकसान का सामना करना पड़ा है. 35,000 करोड़ रुपये के ऋण का भुगतान रिलायंस कैपिटल, रिलायंस पावर और रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर और इनसे संबद्ध कंपनियों से जुड़ा है.अंबानी ने निवेशकों को आश्वस्त किया कि उनका समूह भविष्य में सभी कर्जों को समय से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है. इसके लिए उसके पास परिसंपत्तियों के मौद्रिकरण की योजना है जिसे वह कई स्तर पर लागू भी कर चुका है. अंबानी ने समूह की कुछ समस्याओं के लिए नियामकीय संस्थानों और अदालतों को भी जिम्मेदार ठहराया.

    उन्होंने कहा कि कुछ मामलों में फैसला आने में देरी की वजह से समूह को 30,000 करोड़ रुपये से अधिक का बकाया नहीं मिल पाया. अंबानी ने कहा कि रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर, रिलायंस पावर और उससे संबद्ध कंपनियों का यह बकाया 5 से 10 साल तक पुराना है. इस पर अंतिम निर्णय आने में एक के बाद एक कारणों से देरी हुई.

    उन्होंने कहा कि वित्तीय प्रणाली ने ADAG ग्रुप के प्रति पूरी तरह उदासीनता बरती और कहीं से भी कोई समर्थन नहीं मिला जिसका परिणाम यह हुआ कि इसने कर्जदाताओं और अन्य स्टेकहोल्डर्स के हितों का नुकसान हुआ. अंबानी ने भरोसे से कहा कि ग्रुप को बदलने की यात्रा शुरू हो चुकी है जिसमें पूंजी को हल्का रखने, कम से कम ऋण लेने और शेयर पर ऊंचा रिटर्न देने की प्रतिबद्धता है जो सभी स्टेकहोल्डर्स के मूल्य को बढ़ाएगा.

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleहेडलाइंस राष्ट्र संवाद
    Next Article यूपी में हार की समीक्षा के लिए इकट्ठा हुए कांग्रेस नेता आपस में भिड़े

    Related Posts

    14 सूत्री मांगों को लेकर गैलेक्सी एक्सपोर्ट्स के गेट पर ग्रामीणों का हंगामा

    June 22, 2026

    मतदाता सूची पुनरीक्षण 2026 का आगाज, 30 जून से घर-घर पहुंचेंगे बीएलओ

    June 22, 2026

    गोविंदपुर में भीषण सड़क हादसा: हाइवा की टक्कर से बाइक सवार की मौत, एक गंभीर घायल

    June 22, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    अभी-अभी

    14 सूत्री मांगों को लेकर गैलेक्सी एक्सपोर्ट्स के गेट पर ग्रामीणों का हंगामा

    मतदाता सूची पुनरीक्षण 2026 का आगाज, 30 जून से घर-घर पहुंचेंगे बीएलओ

    गोविंदपुर में भीषण सड़क हादसा: हाइवा की टक्कर से बाइक सवार की मौत, एक गंभीर घायल

    पानी की समस्या: चैनत में आंदोलन, जातिवाद की चुनौती

    NEET UG पुनर्परीक्षा फर्जीवाड़ा: 30+ गिरफ्तार, बड़ा खुलासा

    भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर: निष्पक्ष जांच की मांग तेज

    काले ने “काया ग्रीन्स” का किया उद्घाटन, ताज़ी सब्ज़ियों और स्वस्थ जीवनशैली को मिलेगा नया आयाम

    एकल व्याख्यान: भारतीय ज्ञान मीमांसा के विविध आयाम

    अंबरनाथ पुलिस मानवीय चेहरा: NEET छात्रा का भविष्य संवारा

    पेट्रोल की गुणवत्ता जांच की मांग को लेकर जदयू ने उपायुक्त को सौंपा ज्ञापन

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.