राष्ट्र संवाद संवाददाता
ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में सरायकेला-खरसावां डिस्ट्रिक्ट केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर बुधवार को जिले की सभी दुकानें बंद रही। क्षेत्र में दवा दुकानें बंद रहने से आमलोगों को खासकर मरीजों को इस चिलचिलाती धूप में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। दवा के लिए मरीज और उनके परिजन भटकते रहे। हालांकि इस देशव्यापी बंदी के मद्देनजर, जिला प्रशासन की ओर से पूर्व में ही तैयारी कर ली गई थी और एहतियात के तौर पर आपातकालीन व्यवस्था हेतु क्षेत्रवार खुली दुकानों की सूची जारी कर दी गई थी। इसके बावजूद लोगों को काफी परेशानियां झेलनी पड़ी। इस दौरान एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि उनका विरोध ऑनलाइन दवा बिक्री के खिलाफ है। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से बेची जा रही दवाइयों की गुणवत्ता की सही तरीके से जांच नहीं हो पाती। कई मामलों में बिना चिकित्सक के पर्ची के भी दवाइयाँ उपलब्ध करा दी जाती हैं, जो मरीजों के स्वास्थ्य के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। दवा दुकानदारों ने आरोप लगाया कि यदि ऑनलाइन खरीदी गई दवा से किसी मरीज को नुकसान होता है, तो उसकी जिम्मेदारी तय करना मुश्किल हो जाता है। वहीं, नशीली दवाओं की भी ऑनलाइन बिक्री होने की बात कही गई, जिस पर उन्होंने रोक लगाने की मांग की। साथ ही दवा दुकानदारों ने ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त नियम लागू करने की मांग भी की।

