शुक्रवार को जामताड़ा के कंबांइड बिल्डिंग स्थित जिला शिक्षा अधीक्षक कार्यालय में जिला शिक्षा अधीक्षक विकेश कुणाल प्रजापति की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से संबंधित बैठक की गयी
राष्ट्र संवाद सं
इस बैठक में जिला स्तर पर नियुक्त किए गए 11 सदस्यीय चयन टीम के सदस्यों ने भाग लिया। डी एस ई ने टीम के सदस्यों को निर्देश दिया कि सभी अपने अपने प्रखण्डों में शिक्षकों,अभिभावकों और छात्र छात्राओं को जानकारी दें कि प्रधान मंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार बच्चों के लिए भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है,
जिसे महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा प्रतिवर्ष प्रदान किया जाता है। पुरस्कार विजेता को गणतंत्र दिवस के परेड में भाग लेने का अवसर मिलता है। साथ ही नगद पुरस्कार और प्रमाण पत्र दिया जाता है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार 2025 के लिए नामांकन प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू हो गई है। नामांकन की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2025 निर्धारित की गई है। यह पुरस्कार देशभर के 5 से 18 वर्ष तक की आयु के उन बच्चों को प्रदान किया जाता है, जिन्होंने बहादुरी, सामाजिक सेवा, पर्यावरण संरक्षण, खेल, कला-संस्कृति, तथा विज्ञान और प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में विशेष योगदान दिया है। इस पुरस्कार के लिए नामांकन प्रक्रिया पूर्णतः ऑनलाइन है, जिसमें किसी भी व्यक्ति या संस्था द्वारा प्रतिभाशाली बच्चों का नामांकन किया जा सकता है।
डी एस ई विकेश कुणाल प्रजापति ने कहा कि यह पुरस्कार उन बच्चों को एक मंच प्रदान करता है, जो अपने कार्यों से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि अधिक जानकारी और आवेदन प्रक्रिया के लिए इच्छुक अभ्यर्थी संबंधित आधिकारिक पोर्टल https://awards.gov.in/या जिला शिक्षा अधीक्षक कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
लिपिक दिलीप कुमार हेम्ब्रम ने बताया कि कार्यालय के द्वारा एक पत्र जारी किया जाएगा, जिसमें जिले के सभी विद्यालय के प्रधानाध्यापकों को यह निर्देश दिया जाएगा कि वे अपने विद्यालय के पोषक गाँव के 5 से 18 वर्ष के असाधारण कार्य करने वाले प्रतिभावान बच्चों का पोर्टल में अधिक से अधिक संख्या में नामांकन करायें।
मौके पर जिला स्तरीय चयन टीम के सदस्य शिक्षक विद्यासागर, विनोद बिहारी हेंब्रम, रंजीत कुमार डे, बलदेव रक्षित, परिमल कुमार मंडल, रासबिहारी मुर्मू, दिवाकर पॉल, प्रमोद तांती, अनमोल पंडित, आजाद हुसैन, नंदलाल सोरेन, क्लर्क दिलीप कुमार हेंब्रम और राजेंद्र मरांडी मुख्य रूप से उपस्थित थे।

