नम आंखों से मां दुर्गा को दी विदाई, अगले बरस फिर आने की लगाई गुहार
बेगूसराय/राष्ट्र संवाद ब्यूरो
मां दुर्गा की विदाई की घड़ी आई तो श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। मन में भक्ति, चेहरे पर उदासी और अगले वर्ष मां के आगमन की उम्मीद लिए ग्रामीणों ने नम आंखों से मां दुर्गा को विदाई दी। बछवाड़ा प्रखंड अंतर्गत गोधना में दुर्गा पूजा समिति की ओर से शुक्रवार को विसर्जन यात्रा निकाली गई। इसमें बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं और बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। मां के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा।
विसर्जन यात्रा दुर्गा पंडाल से शुरू होकर मध्य विद्यालय और झरिया चौक होते हुए गोधना के पास बाया गंगा नदी पहुंची, जहां विधि-विधान के साथ मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन किया गया। यात्रा में शामिल श्रद्धालु मां के जयकारे लगाते हुए अगले वर्ष फिर आने की कामना करते रहे। विदाई के इस भावुक क्षण में श्रद्धालुओं ने मां से सुख, शांति और समृद्धि की प्रार्थना की।
पारंपरिक नृत्य ने खींचा लोगों का ध्यान
विसर्जन यात्रा के दौरान लाठीला और पंडा नृत्य आकर्षण का केंद्र रहा। पारंपरिक अंदाज में प्रस्तुत नृत्य देखने के लिए लोग जुटे रहे। भक्ति और लोकसंस्कृति के मेल ने यात्रा को खास बना दिया। मां की प्रतिमा के साथ चल रहे श्रद्धालुओं में उत्साह और विदाई का भाव एक साथ नजर आया।
दुर्गा पूजा समिति के व्यवस्थापक दिलीप कुमार सहनी सहित ग्रामीणों ने विसर्जन यात्रा में भाग लिया। बच्चों से लेकर बुजुर्गों और महिलाओं तक सभी ने नम आंखों से मां को विदा किया। मां की प्रतिमा के विसर्जन के साथ पूजा उत्सव का समापन हुआ, लेकिन श्रद्धालुओं के मन में अगले वर्ष मां के फिर आगमन की आस बनी रही।

