म्यांमा की राजधानी में भूकंप के बाद मलबे में फंसे व्यक्ति को जीवित बाहर निकाला गया
म्यांमा में भूकंप के बाद राहत एवं बचाव कार्य में जुटे बचाव दल ने बुधवार सुबह राजधानी नेपीता के उस होटल के मलबे से 26 वर्षीय एक व्यक्ति को जीवित बाहर निकाला, जहां वह काम करता था।
हालांकि, देश में आए भीषण भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़ने की ही आशंका है क्योंकि भूकंप के पांच दिन बाद भी अधिकतर बचाव दल को केवल शव ही मिल रहे हैं।
मलबे में नाइंग लिन टुन के स्थान को सटीक रूप से निर्धारित करने और उसके जीवित होने की पुष्टि करने के लिए एक ‘एंडिस्कोपिक कैमरे’ का उपयोग किया गया था। व्यक्ति को सावधानीपूर्वक फर्श में छेद करके बाहर निकाला गया। व्यक्ति भूकंप के बाद लगभग 108 घंटे उस होटल में फंसा रहा जहां वह काम करता था।
स्थानीय अग्निशमन विभाग द्वारा जारी किए गए वीडियो में नैंग लिन टुन कमजोर लेकिन होश में नजर आ रहा था। सरकारी ‘एमआरटीवी’ ने बताया कि नेपीता शहर में बचाव कार्य तुर्किये और स्थानीय टीम द्वारा किया गया और इसमें नौ घंटे से अधिक का समय लगा।
म्यांमा में शुक्रवार दोपहर को 7.7 तीव्रता का भूकंप आया, जिसके कारण हजारों इमारतें ढह गईं, पुल ध्वस्त हो गए और सड़कें उखड़ गईं। अब तक 2,719 लोगों की मौत हो चुकी है और 4,521 लोग घायल हुए हैं, लेकिन स्थानीय खबरों में यह आंकड़ा कहीं अधिक बताया जा रहा है।