भारत 24 से 31 मई तक म्यूनिख में होने वाले आईएसएसएफ राइफल/पिस्टल विश्व कप में 22-सदस्यीय टीम उतारेगा। इस टीम में शामिल दोहरी ओलंपिक पदक विजेता मनु भाकर मिश्रित टीम मुकाबले के अलावा दो व्यक्तिगत पिस्टल स्पर्धाओं में भी हिस्सा लेंगी।
भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) ने रविवार को टीम की घोषणा की जिसमें अनुभवी और युवा निशानेबाजों का मिश्रण है। इस टूर्नामेंट को इस खेल के सबसे बड़ी सालाना प्रतियोगिताओं में से एक माना जाता है।
मनु के अलावा ओलंपियन और विश्व चैंपियनशिप की पदक विजेता ईशा सिंह भी दो व्यक्तिगत पिस्टल स्पर्धाओं में हिस्सा लेंगी। इस सत्र में पहली बार भारत के शीर्ष निशानेबाज देश से बाहर किसी बड़े अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में हिस्सा लेने जा रहे हैं।
प्रतियोगिताएं 26 मई से शुरू होंगी जिसकी शुरुआत महिलाओं के 25 मीटर पिस्टल प्रिसिजन चरण से होगी। पहले दिन पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल का क्वालीफिकेशन दौर और महिलाओं की 50 मीटर राइफल थ्री पोजीशन्स का एलिमिनेशन दौर भी होगा। इसके साथ ही पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा का क्वालीफिकेशन दौर भी खेला जाएगा।

पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल और 10 मीटर एयर राइफल के फाइनल भी प्रतियोगिता में पहले ही दिन होंगे।
म्यूनिख विश्व कप में 80 देशों के कुल 696 निशानेबाजों के हिस्सा लेने की उम्मीद है जिनमें कई ओलंपिक और विश्व चैंपियन भी शामिल हैं। यह टूर्नामेंट इस साल के आखिर में होने वाली विश्व चैंपियनशिप और अन्य बड़े बहु खेल मुकाबलों की तैयारी के लिए एक अहम मंच का काम करेगा।
भारत ने अप्रैल में ग्रेनाडा में हुए मौजूदा सत्र के पहले राइफल/पिस्टल विश्व कप में एक स्वर्ण पदक जीता था। उस टूर्नामेंट में भारत ने ऐसे निशानेबाजों को उतारा था जिनकी घरेलू रैंकिंग तीसरे से छठे स्थान के बीच थी।
हालांकि म्यूनिख में होने वाली इस प्रतियोगिता में भारत के शीर्ष रैंकिंग वाले राइफल और पिस्टल निशानेबाज हिस्सा लेंगे और उनका मुकाबला अंतरराष्ट्रीय स्तर के मजबूत खिलाड़ियों से होगा।

