राष्ट्र संवाद संवाददाता
इंदिरा यादव
आजमगढ़ (यूपी) : खाकी की आड़ में भरोसे का फरेब कर एक युवक ने न सिर्फ एक युवती की जिंदगी से खिलवाड़ किया, बल्कि एक पिता की जीवनभर की कमाई भी ठग ली। मामला आजमगढ़ का है, जहां खुद को यूपी पुलिस का दरोगा बताने वाले प्रदीप यादव ने एक संपन्न व्यवसायी की बेटी से शादी कर करीब 40 लाख रुपये हड़प लिए।
शादी के बाद सच्चाई तब सामने आई, जब युवती का भाई जन्मदिन पर ‘सरप्राइज’ देने जीजा को थाने पहुंचा। वहां पता चला कि उस नाम का कोई दरोगा तैनात ही नहीं है। जांच में सामने आया कि प्रदीप यादव दरोगा नहीं, बल्कि इलाके का शातिर ठग है।
सच्चाई उजागर होते ही आरोपी ने मोबाइल बंद कर फरार होने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे ट्रैक कर गिरफ्तार कर लिया। घटना के बाद पीड़ित परिवार सदमे में है।
यह मामला समाज के लिए एक कड़ा संदेश है कि वर्दी, पद और रुतबे के दावे पर बिना सत्यापन भरोसा करना खतरनाक हो सकता है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि विवाह जैसे मामलों में नौकरी और पहचान का पूरा सत्यापन जरूर कराएं, ताकि इस तरह की ठगी से बचा जा सके।

