लेखक: राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर पुलिस ने चेन छिनतई गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन शातिर अपराधियों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। यह घटना शहर के ओलडीह ओपी क्षेत्र में घटी थी जहां एक वृद्ध महिला से सोने की चेन झपट ली गई थी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तकनीकी शाखा, सीसीटीवी फुटेज और मानवीय सूचना के आधार पर मुख्य आरोपी की पहचान की और छापेमारी कर तीनों को दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपियों के पास से लूटी गई सोने की चेन, एक देशी लोडेड पिस्तौल, दो जिंदा कारतूस, 40 हजार रुपये नकद, चार एंड्रॉयड मोबाइल, एक कीपैड मोबाइल, एक डोंगल तथा अन्य सामान बरामद किए गए हैं। इस गिरोह का भंडाफोड़ शहर की कानून-व्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है क्योंकि आरोपी एनएच-33 पर हथियार के बल पर लूटपाट की नई वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे थे। सिटी एसपी ललित मीणा के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने पेशेवर तरीके से इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। अधिक जानकारी के लिए झारखंड पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट देखें।
चेन छिनतई गिरोह का पर्दाफाश: घटना का पूरा ब्योरा
जमशेदपुर: शहर के ओलडीह ओपी क्षेत्र में एक वृद्ध महिला से सोने की चेन छीनने की घटना का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। मामले में पुलिस ने तीन शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से लूटी गई सोने की चेन, एक देशी लोडेड पिस्तौल, दो जिंदा कारतूस, 40 हजार रुपये नकद, चार एंड्रॉयड मोबाइल, एक कीपैड मोबाइल, एक डोंगल तथा अन्य सामान बरामद किया गया है।
सिटी एसपी ललित मीणा ने बताया कि 1 अगस्त को शंकोसाई रोड नंबर-1 में टहल रही एक वृद्ध महिला के गले से अज्ञात अपराधियों ने सोने की चेन झपट ली थी। घटना के बाद पीड़िता के परिजनों की लिखित शिकायत पर ओलडीह ओपी में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर नगर पुलिस अधीक्षक के पर्यवेक्षण और पटमदा के पुलिस उपाधीक्षक के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी टीम का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी शाखा, सीसीटीवी फुटेज और मानवीय सूचना के आधार पर मामले की जांच करते हुए मुख्य आरोपी बादल कुमार मोहंती उर्फ बादल की पहचान की।
पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थी। इसी दौरान 3 अगस्त की रात गुप्त सूचना मिली कि वसुंधरा एस्टेट के समीप स्वर्णरेखा प्रोजेक्ट के एक जर्जर क्वार्टर में तीन अपराधी छिपे हुए हैं और किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर दबिश देकर तीनों को गिरफ्तार कर लिया।
तलाशी के दौरान पुलिस ने उनके पास से एक देशी पिस्तौल, दो जिंदा कारतूस, वृद्ध महिला से छीनी गई सोने की चेन, सोने का एक टुकड़ा और 40 हजार रुपये नकद बरामद किए। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 1 अगस्त को हुई चेन छिनतई की घटना को अंजाम दिया था और लूटी गई चेन को बिष्टुपुर के एक सुनार की दुकान में बेच दिया था।
कड़ी पूछताछ में आरोपियों ने यह भी खुलासा किया कि वे एनएच-33 पर हथियार के बल पर लूटपाट की नई वारदात को अंजाम देने के इरादे से एकत्र हुए थे। पुलिस ने तीनों के खिलाफ शस्त्र अधिनियम के तहत भी मामला दर्ज कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बादल कुमार मोहंती उर्फ बादल (26 वर्ष), हरप्रीत सिंह उर्फ रितिक (26 वर्ष) और राजा बनर्जी उर्फ बड़ा चेला (28 वर्ष) के रूप में हुई है। पुलिस अब इनके आपराधिक इतिहास और अन्य मामलों में संलिप्तता की भी जांच कर रही है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई से मिली बड़ी सफलता
इस ऑपरेशन में सिटी एसपी ललित मीणा के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मानवीय सूचना का कुशलतापूर्वक उपयोग किया। सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल लोकेशन की मदद से आरोपियों की पहचान और ठिकाने का पता लगाया गया। बरामद हथियार और नकदी से स्पष्ट है कि गिरोह आगे भी बड़ी वारदातों को अंजाम देने की फिराक में था। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से नागरिकों में सुरक्षा का भाव बढ़ा है। गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है ताकि अन्य अनसुलझे मामलों का भी खुलासा हो सके। जांच में यह भी सामने आया है कि लूटी गई चेन को बिष्टुपुर के एक सुनार को बेचा गया था, जिससे चोरी के माल की खरीद-फरोख्त करने वालों पर भी शिकंजा कसा जाएगा।
जमशेदपुर पुलिस की इस सफलता ने अपराधियों को कड़ा संदेश दिया है कि कानून के हाथ लंबे हैं और वे बच नहीं सकते। नागरिकों से अपील है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। इस तरह के अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे ताकि शहर अपराध मुक्त हो सके। झारखंड पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना हर तरफ हो रही है।

