शशि भूषण दूबे कंचनीय/रोमेश रंजन रोशन
मिर्जापुर 18 सितंबर। मिर्जापुर जिले में विंध्याचल कोतवाली के गंगा की तट पर बसे गांव में स्वतंत्रता संग्राम की चिंगारी के प्रभाव में आकर 19 वर्षीय साहसी युवक पुष्कर नाथ पांडेय सीना तान कर स्वतंत्रता आंदोलन के चिंगारी के प्रभाव में आकर अंग्रेजो भारत छोड़ो अगस्त क्रांति में जम कर दृढ़ता एवं साहस के साथ भाग लिया और स्वतंत्रता संग्राम की भयंकर लपेट मिर्जापुर जिले के दक्षिणांचल बभनी से लेकर हलिया कछवा से लेकर जमालपुर तक सैकड़ों से उपर लोगों ने बृटिश हूकुमत के खिलाफ जन आंदोलन में कूद पड़े जिसमें फारवर्ड, ओबीसी, आदिवासियों, अल्पसंख्यको सिख्खो सभी का योगदान मिला था। जिले में आधा दर्जन स्मरणीय उदाहरण है।जो स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास में साक्ष्य के रुप इतिहास के पन्नों में उदाहरण है।
सोनभद्र जिले के बभनी दुद्धी,नगवा घोरावल, बरैनी कछवा, लालगंज के कुसियरा एवं पतुलकी शिवमूर्ति नगर गांव के जंगल क्षेत्र जिला खारिज स्वतंत्रता सेनानियों की शरण स्थली थी। 18 अक्तूबर 1921 में जन्मे स्वतंत्रता सेनानी पं पुष्कर नाथ पांडेय के 105 वी जयंती पर उन्हें याद करते हुए स्वतंत्रता सेनानी परिवारो के लोगों ने भावभीनी श्रद्धांजलि एवं कोटि कोटि नमन् किया है।
उक्त अवसर पर स्व श्री पाण्डेय के स्वतंत्रता संग्राम के योगदान की चर्चा करते हुए उत्तर प्रदेश स्वतंत्रता सेनानी कल्याण परिषद के संस्थापक सदस्य रहे तीन बार जेल यात्रा करने एवं राजनैतिक पेंशन लेने से इंकार करने वाले वरिष्ठ स्वतंत्रता सेनानी परतंत्र भारत एवं स्वतंत्र भारत में अभिभाजित जिला कांग्रेस अध्यक्ष रहे स्वतंत्रता सेनानी पं शिवमूर्ति दूबे के प्रपौत्र स्वतंत्रता सेनानी परिवार के आश्रित एवं वरिष्ठ पत्रकार शशि भूषण दूबे कंचनीय ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानी स्व श्री पाण्डेय जी का योगदान की भूमिका स्मरणीय है जिसे भुलाया नहीं जा सकता है। उन्होंने कहा कि उनके गांव के बीहड़ जंगलों में जिला खारिज एवं जुर्माना न देने वाले स्वतंत्रता सेनानियों की शरणस्थली बनाई गई थी जिन्हें देखरेख करने और भोजन पानी की व्यवस्था उनके उपर थी उपरौध क्षेत्र की यह भी ऐतिहासिक उदाहरण है और यह भी स्मरणीय है।
जिले के डिस्ट्रिक्ट बोर्ड एवं जिला परिषद चेयरमैन दुद्धी से दो बार विधायक रहे जननेता ब्रज भूषण मिश्र ग्रामवासी के पौत्र वरिष्ठ पत्रकार नवीन मिश्र ने कहा कि मिर्जापुर जिले में स्वतंत्रता संग्राम की कहानी ऐतिहासिक रही है जिसमें स्व पाण्डेय की भूमिका सराहनीय रही है। पहाड़ा रेलवे स्टेशन अग्नि कांड के समर्थक जांबाज स्वतंत्रता सेनानी पं जीत नारायण पाण्डेय के आश्रित स्वतंत्रता सेनानी परिवार के जिला कांग्रेस कमेटी महासचिव संजय पांडेय ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के कुर्बानियों बलिदान की गाथा बहुत लम्बी है जिसमें स्व श्री पाण्डेय भी उसके एक कड़ी रहे हैं।
वरिष्ठ स्वतंत्रता सेनानी परिवार जिले के प्रथम पूर्व विधायक स्व पं विजयानंद मिश्र के आश्रित सुपुत्र एवं स्वतंत्रता सेनानी परिवार के कांग्रेस के वरिष्ठतम नेता धीरेन्द्र दत्त मिश्र ने स्वतंत्रता सेनानियों के कुर्बानियों बलिदानों की चर्चा करते हुए स्व श्री पाण्डेय को स्मरण कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित किया। स्वतंत्रता सेनानी चौधरी विश्राम सिंह के आश्रित एवं स्वतंत्रता सेनानी परिवार के सीखण गांव के जिला पंचायत के पूर्व सदस्य दिनेश प्रकाश सिंह पटेल ने स्व श्री पाण्डेय के याद करते हुए श्रद्धांजलि दी है।
स्वतंत्रता सेनानी पं स्व श्री पाण्डेय के पौत्र शास्वत पाण्डेय ने स्वतंत्रता सेनानी परिवार के स्व श्री पाण्डेय के जयंती में भूमिका के लिए आभार व्यक्त करते हुए स्व श्री पाण्डेय जी को याद कर विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित किया।

