पूर्वी सिंहभूम के आमों की विदेश तक पहुंच, किसानों को मिलेगा बेहतर बाजार और दाम
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर पूर्वी सिंहभूम के किसानों द्वारा उत्पादित आम अब विदेशों तक अपनी पहचान बना रहे हैं। जिले में उत्पादित आमों के निर्यात और किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने की दिशा में जिला प्रशासन लगातार प्रयासरत है। इसी कड़ी में शनिवार को समाहरणालय परिसर में आम महोत्सव-सह-बागवानी मेला का आयोजन किया गया, जिसका उद्घाटन उपायुक्त राजीव रंजन ने फीता काटकर किया।
मेले में जिले के विभिन्न प्रखंडों में उत्पादित अलग-अलग किस्मों के आमों का प्रदर्शन किया गया। इस दौरान उपायुक्त ने किसानों को बागवानी के क्षेत्र में प्रोत्साहित करते हुए विपणन सुविधाओं को और मजबूत करने की बात कही।
अधिकारियों ने बताया कि मनरेगा के तहत संचालित बिरसा हरित ग्राम योजना का जिले में पिछले दस वर्षों से सफल क्रियान्वयन किया जा रहा है। योजना के तहत अब तक लगभग 6,000 एकड़ क्षेत्र में बागवानी विकसित की जा चुकी है। अम्रपाली और मल्लिका प्रजाति के आमों की खेती को विशेष बढ़ावा दिया गया है।
जिला प्रशासन द्वारा किसानों को मार्केट लिंकेज उपलब्ध कराने के प्रयासों का सकारात्मक परिणाम सामने आया है। गत वर्ष 14 किसानों ने आम बिक्री से 5.12 लाख रुपये की आय अर्जित की। वहीं, पटमदा के किसान अशोक कुमार महतो द्वारा उत्पादित आम का एपीडा (APEDA) के माध्यम से सऊदी अरब निर्यात किया गया, जो जिले के लिए गौरव की बात है।
वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक जिले में 96,649 किलोग्राम आम का उत्पादन हुआ है, जबकि 210.17 क्विंटल आम की बिक्री हो चुकी है। किसानों को बेहतर मूल्य दिलाने के लिए स्थानीय बाजारों, प्रदर्शनी-सह-बिक्री मेलों तथा एपीडा के माध्यम से विपणन की व्यवस्था की जा रही है।
आम महोत्सव में विभिन्न किस्मों के आम आकर्षण का केंद्र बने रहे और बड़ी संख्या में लोगों ने स्टॉलों का अवलोकन कर स्थानीय किसानों के उत्पादों की सराहना की।

