लेखक: राष्ट्र संवाद संवाददाता
पूर्वी सिंहभूम जिले में चौकीदार के रिक्त पदों पर भर्ती शुरू करने और होमगार्ड भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा जल्द आयोजित कराने की मांग जोर पकड़ रही है। इस संबंध में स्थानीय प्रशासन और संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर आवश्यक कार्रवाई की अपील की गई है। बेरोजगार युवाओं का कहना है कि लंबे समय से इन पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया लंबित रहने से उनके भविष्य पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
चौकीदार के रिक्त पदों पर भर्ती की मांग तेज
आवेदन में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि पूर्वी सिंहभूम जिले में चौकीदार के कई पद लंबे समय से रिक्त पड़े हैं। चौकीदार के रिक्त पदों पर भर्ती नहीं होने के कारण योग्य एवं बेरोजगार युवाओं को रोजगार का अवसर नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में चौकीदारों की कमी से पुलिस प्रशासन को भी कानून व्यवस्था बनाए रखने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
हाल ही में देवघर जिले में चौकीदार के रिक्त पदों पर भर्ती की अधिसूचना जारी किए जाने का हवाला देते हुए पूर्वी सिंहभूम में भी रिक्त पदों का आकलन कर जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग की गई है। आवेदकों का तर्क है कि जब देवघर में प्रक्रिया शुरू हो सकती है तो पूर्वी सिंहभूम में क्यों नहीं। इस मांग को लेकर विभिन्न छात्र संगठनों और बेरोजगार संघों ने भी अपना समर्थन दिया है।
होमगार्ड शारीरिक दक्षता परीक्षा में देरी से निराशा
इसके साथ ही जिले में होमगार्ड भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी शारीरिक दक्षता परीक्षा आयोजित किए जाने की प्रतीक्षा कर रहे अभ्यर्थियों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए परीक्षा जल्द कराने की अपील की गई है। सैकड़ों अभ्यर्थी महीनों से परीक्षा की तारीख का इंतजार कर रहे हैं।
आवेदकों का कहना है कि परीक्षा में देरी होने से अभ्यर्थियों को आगे की चयन प्रक्रिया में शामिल होने के लिए अनिश्चितकालीन इंतजार करना पड़ रहा है। कई अभ्यर्थी ओवरएज होने की कगार पर पहुंच गए हैं। शारीरिक दक्षता परीक्षा न होने से उनकी मेहनत और तैयारी पर पानी फिरने का डर सता रहा है। प्रशासन से जल्द से जल्द एडमिट कार्ड जारी कर परीक्षा तिथि घोषित करने का आग्रह किया गया है।
प्रशासन से जनहित में त्वरित कार्रवाई का आग्रह
आवेदन के माध्यम से प्रशासन से आग्रह किया गया है कि जनहित और बेरोजगार युवाओं के भविष्य को प्राथमिकता देते हुए चौकीदार के रिक्त पदों पर नई भर्ती की अधिसूचना जारी की जाए तथा होमगार्ड भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा शीघ्र आयोजित कराने के लिए उचित कदम उठाए जाएं। इससे योग्य अभ्यर्थियों को रोजगार पाने का सुअवसर मिल सकेगा।
प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त कार्यालय और पुलिस अधीक्षक कार्यालय में ज्ञापन सौंपकर इस दिशा में ठोस पहल की मांग की है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए वरीय अधिकारियों और सरकार के संज्ञान में लाया जाएगा। अधिक जानकारी के लिए आप झारखंड पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट देख सकते हैं।
स्थानीय युवाओं का कहना है कि रोजगार के अवसर सृजित करना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए। चौकीदार और होमगार्ड जैसे पद ग्रामीण सुरक्षा की रीढ़ होते हैं। इन पदों पर समयबद्ध भर्ती न केवल बेरोजगारी दूर करेगी बल्कि ग्रामीण स्तर पर कानून व्यवस्था को भी मजबूत करेगी। अब देखना यह है कि प्रशासन इस मांग पर कितनी जल्दी अमल करता है।

