
लेखक: राष्ट्र संवाद ब्यूरो
अयोध्या में 10वें भव्य दीपोत्सव की धूम, लाखों दीपों से जगमगाई रामनगरी; ड्रोन शो और आतिशबाजी ने मोहा मन। रामनगरी अयोध्या में शनिवार को 10वां भव्य दीपोत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर सरयू नदी के तट स्थित राम की पैड़ी लाखों दीपों की रोशनी से जगमगा उठी, जिससे पूरा वातावरण अलौकिक नजर आ रहा था।
अयोध्या में 10वें भव्य दीपोत्सव की धूम का शानदार नजारा
इस अद्भुत आयोजन की शुरुआत साकेत महाविद्यालय से रामकथा पार्क तक निकाली गई एक भव्य शोभायात्रा के साथ हुई। इस यात्रा में रामायण आधारित झांकियों, आकर्षक लोकनृत्यों और ‘जय श्रीराम’ के जयघोष ने उपस्थित सभी श्रद्धालुओं को भक्ति के सागर में सराबोर कर दिया।
दीपोत्सव के दौरान राम की पैड़ी पर एक बेहद आकर्षक और भव्य ड्रोन शो का आयोजन किया गया। आसमान में ड्रोन द्वारा बनाई गई आकृतियों और शानदार आतिशबाजी ने वहां मौजूद लाखों लोगों का मन मोह लिया। ऐसा लग रहा था मानो पूरा आसमान रंग-बिरंगी रोशनी से सराबोर हो गया हो।
इस दिव्य कार्यक्रम में उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विशेष रूप से शिरकत की।
योगी आदित्यनाथ का ऐतिहासिक संबोधन
इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में 36 वर्ष पहले सरयू नदी में रामभक्तों द्वारा दिए गए बलिदान का भावुक उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि रामभक्तों की आस्था, संघर्ष और त्याग को कभी भी भुलाया नहीं जा सकता। मुख्यमंत्री ने राम मंदिर आंदोलन से जुड़े संतों और कारसेवकों के प्रति गहरा सम्मान व्यक्त किया।
योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में आगे कहा कि अतीत की घटनाओं के लिए समाज को एक-दूसरे के प्रति सम्मान दिखाना चाहिए और जरूरत पड़ने पर सार्वजनिक माफी मांगने की उदारता भी होनी चाहिए। यह संदेश एकता और सद्भाव को मजबूती देने वाला रहा।
सांस्कृतिक विरासत और आधुनिक अयोध्या
पूरे आयोजन में प्राचीन भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और आधुनिक अयोध्या के विकास की भव्य झलक देखने को मिली। दीपोत्सव का यह 10वां संस्करण अपनी भव्यता और दिव्यता के कारण इतिहास के पन्नों में दर्ज हो गया है।
- राम की पैड़ी: लाखों दीपों का अद्भुत प्रदर्शन।
- सुरक्षा व्यवस्था: प्रशासन द्वारा पुख्ता प्रबंध।
- जनभागीदारी: लाखों की संख्या में उमड़े श्रद्धालु।
- आधुनिक तकनीक: लेजर शो और ड्रोन के जरिए भव्यता।
अयोध्या को उत्सव और भक्ति के रंग में सराबोर करने वाले इस कार्यक्रम ने न केवल भारत में बल्कि पूरी दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। रामनगरी की चमक और यहां की श्रद्धा का दृश्य वास्तव में अविस्मरणीय रहा। राज्य सरकार ने इस आयोजन को भव्य बनाने के लिए महीनों से तैयारी की थी, जिसका परिणाम आज पूरी दुनिया ने देखा।

