न्यायिक स्वतंत्रता के साथ न्यायिक जवाबदेही भी हो पुनर्परिभाषित देवानंद सिंह भारतीय लोकतंत्र की नींव तीन स्तंभों विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका पर टिकी हुई है। इनमें न्यायपालिका को सबसे अधिक गरिमा और स्वतंत्रता प्राप्त है, क्योंकि उससे अपेक्षा की जाती है कि वह बाकी दो स्तंभों पर भी निगरानी रखे, लेकिन जब उसी न्यायपालिका के भीतर से अनियमितताओं, पक्षपात और नैतिक पतन के आरोप सामने आते हैं, तब क्या जवाबदेही की कोई ठोस व्यवस्था मौजूद है? हाल ही में दो न्यायाधीशों जस्टिस यशवंत वर्मा और जस्टिस शेखर यादव के ख़िलाफ़ गंभीर आरोप सामने आए हैं। वर्मा पर भ्रष्टाचार…
Author: News Desk
“पिता का पस्त मन और पुत्रों की पश्चिमी व्यस्तता” “एक पिता की विदाई, और समाज की परीक्षा” लखनऊ के एक रिटायर्ड कर्नल ने अपने बेटों को एक मार्मिक पत्र लिखकर आत्महत्या कर ली। दोनों बेटे अमेरिका में बसे थे और मां की मृत्यु पर भी पूरी संवेदनशीलता नहीं दिखा सके। पिता ने पत्र में लिखा कि उन्होंने देश को सम्मान दिया लेकिन समाज को असंवेदनशील पुत्र दे दिए। यह घटना केवल एक आत्महत्या नहीं, बल्कि भारतीय पारिवारिक मूल्यों के पतन का आईना है। आधुनिकता के दौड़ में रिश्तों की संवेदना और बुजुर्गों का सम्मान कहीं पीछे छूटता जा रहा है।…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की साइप्रस यात्रा: भारत की कूटनीति का संतुलन, व्यापार का विस्तार और तुर्की के प्रभाव की काट मुकेश मित्तल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की साइप्रस यात्रा भारत की पश्चिमी कूटनीति में एक निर्णायक क्षण है। यह दौरा न केवल भारत-साइप्रस संबंधों को नई ऊर्जा देता है, बल्कि वैश्विक कूटनीति में भारत के संतुलनकारी दृष्टिकोण और रणनीतिक सोच को भी दर्शाता है। यह यात्रा ऐसे समय में हुई है जब भारत को तुर्की जैसे देशों की वैश्विक मंचों पर दोहराए गए विरोधी रुख़ का सामना करना पड़ता है। साइप्रस, जो स्वयं तुर्की की आक्रामक नीतियों से दशकों से…
हेमंत सरकार पर गिरिराज सिंह का बड़ा हमला कहा- बांग्लादेशी मुसलमानों को विशेष मेहमान बना रही सरकार केंद्रीय मंत्री के पूरे कार्यक्रम को भाजपा नेता अनिल सिंह पूर्व भाजपा नेता सतीश सिंह ने शालीनता के साथ को-ऑर्डिनेट किया राष्ट्र संवाद संवाददाता जमशेदपुर :केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने झारखंड सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि हेमंत सोरेन की सरकार बांग्लादेशी मुसलमानों को विशेष मेहमान की तरह राज्य में बुला रही है। रविवार देर रात टाटानगर रेलवे स्टेशन पहुंचे केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह भाजपा कार्यकर्ताओं ने भव्य स्वागत किया सोमवार को कई कार्यक्रम थे सुबह सर्किट हाउस से ही लोगों…
आचार्य महाप्रज्ञ का 106 वां जन्म दिवस- 23 जून, 2025 नया मानवः नया विश्व के प्रणेता थे आचार्य महाप्रज्ञ – ललित गर्ग – प्राचीन समय से लेकर आधुनिक समय तक अनेकों साधकों, आचार्यों, मनीषियों, दार्शनिकों, ऋषियों ने अपने मूल्यवान अवदानों से भारत की आध्यात्मिक परम्परा को समृद्ध किया है, उनमें प्रमुख नाम रहा है -आचार्य महाप्रज्ञ। अपने समय के महान् दार्शनिक, धर्मगुरु, संत एवं मनीषी के रूप में जिनका नाम अत्यंत आदर एवं गौरव के साथ लिया जाता है। वे ईश्वर के सच्चे दूत थे, जिन्होंने जीवनमूल्यों से प्रतिबद्ध एक आदर्श समाज रचना का साकार किया है, वे ऐसे…
देवानंद सिंह ईरान और इसराइल के बीच संघर्ष वैश्विक भू-राजनीति को एक नई दिशा में मोड़ रहा है। जहां एक ओर यह टकराव मध्य पूर्व में व्यापक अस्थिरता की आशंका को बढ़ाता है, वहीं दूसरी ओर यह भारत जैसे देशों के लिए एक गंभीर रणनीतिक परीक्षा बन गया है। इसराइल की ऑपरेशन राइज़िंग लायन जैसी कार्रवाई दर्शाती है कि वह अब कूटनीतिक प्रयासों से ज्यादा सैन्य विकल्पों को प्राथमिकता दे रहा है। उसका लक्ष्य स्पष्ट है कि ईरान को परमाणु हथियार संपन्न राष्ट्र बनने से रोकना, लेकिन इसकी कीमत वैश्विक स्थिरता है, विशेषकर तब जब अमेरिका भी प्रत्यक्ष रूप से…
आचार्य महाप्रज्ञ का 106 वां जन्म दिवस- 23 जून, 2025 – ललित गर्ग – प्राचीन समय से लेकर आधुनिक समय तक अनेकों साधकों, आचार्यों, मनीषियों, दार्शनिकों, ऋषियों ने अपने मूल्यवान अवदानों से भारत की आध्यात्मिक परम्परा को समृद्ध किया है, उनमें प्रमुख नाम रहा है -आचार्य महाप्रज्ञ। अपने समय के महान् दार्शनिक, धर्मगुरु, संत एवं मनीषी के रूप में जिनका नाम अत्यंत आदर एवं गौरव के साथ लिया जाता है। वे ईश्वर के सच्चे दूत थे, जिन्होंने जीवनमूल्यों से प्रतिबद्ध एक आदर्श समाज रचना का साकार किया है, वे ऐसे क्रांतद्रष्टा धर्मगुरु थे, जिन्होंने देश की नैतिक आत्मा को जागृत…
निशिकांत ठाकुर अमेरिकी शहर शिकागो में वर्ष 1893 नवंबर में आयोजित धर्म महासभा में दिए अपने संबोधन में स्वामी विवेकानंद ने कहा था- ‘पृथ्वी पर सबसे प्राचीनतम संन्यासी समाज की ओर से मैं आपलोगों को धन्यवाद ज्ञापित करता हूं। सर्वधर्म के सद्भाव स्वरूप जो सनातन हिन्दू धर्म है, उसका प्रतिनिधि होकर आज मैं, आपलोगों को धन्यवाद देता हूं। मैं उसी धर्म में शामिल अपने को गौरवान्वित महसूस करता हूं।’ उनका उद्बोधन आज इसलिए अनिवार्य रूप से स्मरणीय हो गया है कि उनसे और भारतीय ऋषियों-महर्षियों को प्रेरणास्रोत मानकर भारतवर्ष कृत संकल्पित है। अखंड भारत की रक्षा के निमित्त राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने भी उसी मार्ग को…
तीसरे विश्वयुद्ध के मुहाने पर खड़े विश्व को शांति की तलाश निशिकांत ठाकुर अमेरिकी शहर शिकागो में वर्ष 1893 नवंबर में आयोजित धर्म महासभा में दिए अपने संबोधन में स्वामी विवेकानंद ने कहा था- ‘पृथ्वी पर सबसे प्राचीनतम संन्यासी समाज की ओर से मैं आपलोगों को धन्यवाद ज्ञापित करता हूं। सर्वधर्म के सद्भाव स्वरूप जो सनातन हिन्दू धर्म है, उसका प्रतिनिधि होकर आज मैं, आपलोगों को धन्यवाद देता हूं। मैं उसी धर्म में शामिल अपने को गौरवान्वित महसूस करता हूं।’ उनका उद्बोधन आज इसलिए अनिवार्य रूप से स्मरणीय हो गया है कि उनसे और भारतीय ऋषियों-महर्षियों को प्रेरणास्रोत मानकर भारतवर्ष कृत संकल्पित है। अखंड भारत की…
🙏🌅नमस्कार 🌅🙏 *आपका *राष्ट्र* *आपका *संवाद* *राष्ट्र संवाद पञिका* *राष्ट्र संवाद तीसरे दशक में* *बेमिसाल 25 साल* *राष्ट्र संवाद की मुहिम : सकारात्मक पत्रकारिता बदलें सोच बदलेगा समाज* 🪷जय गणेश 🪷 💐दिनांक 23जून दिन सोमवार 2025 www.rashtrasamvad.com www.rastrasamvad.com Devanandsingh.com rashtrasamwad. com *********************** Check out rashtrasamvad (@rashtrasamvad1): https://twitter.com/rashtrasamvad1?s=08 ************************* *NOW RASHTRASAMVAD AVAILABLE ON MOBILE APP* JHAHIN2000/1039 *राष्ट्रसंवाद दैनिक:-* JHAHIN01092 *राष्ट्र संवाद नजरिया : इजरायल की सबसे बड़ी ताकत ट्रंप का बिना शर्त समर्थन! क्या अमेरिकी मदद के बिना जंग लड़ सकता है यहूदी देश?* *तीसरे विश्वयुद्ध के मुहाने पर खड़े विश्व को शांति की तलाश:निशिकांत ठाकुर* *इसराइल-ईरान संघर्ष और भारत की…
