शिवसेना के कमान से छूटे तीर से हाईप्रोफाइल नोएडा विधानसभा में बिरोधियो का गणित बिगड़ा
उत्तर प्रदेश के हाईप्रोफाइल सीट नोएडा जिसे भाजपा का किला कहा जाता है इस बार शिवसेना के चलाये गए तीर से ढहता हुआ नजर आ रहा है कारण इस विधान सभा की सबसे बड़ी भागीदारी रखने वाली बैश्य समाज की अनदेखी और उपेक्षा, किन्तु अंतिम समय मे शिवसेना ने राजकुमार अग्रवाल को इस सीट से उतार कर सभी पार्टियों के माथे पर बल जरूर डाल दिये है , आज पूरे दल बल के साथ राज कुमार अग्रवाल ने शिवसेना के तरफ से अपना नामांकन दाखिल किया उनके साथ बैश्य समाज के भामाशाहो और बैश्य समाज के मानिंद लोगो की मौजूदगी उन पार्टियों के चेहरे पर चिंता की लकीरें खींचने के लिए काफी थी जिन्होंने लंबे समय से बैश्य समाज की तरफ से उठ रहे भागीदारी की मांगों को अनदेखा किया और नजरअंदाज किया ।राजकुमार अग्रवाल के साथ धर्मपाल गोयल ,सुधीर चंद पोरवाल ,शांतनु मित्तल ,मनोज कुमार गुप्ता, सेवराज प्रधान,अनिल कुमार ,ऋतु सिन्हा (समाज सेवी),राजेश कुमार गर्ग ,वीरपाल सिह,अर्जुन मिश्रा, उपस्थित रहे इसके अलावा शिवसेना की तरफ से उत्तर प्रदेश शिवसेना उपाध्यक्ष महेश कुमार ,नोएडा महानगर अध्यक्ष शिवसेना ऋषिपाल जी , राम बिलाख जी मौजूद रहे ।
यदि पिछले बिधान सभा की बात करे तो मौजूदा बिधायक को 1लाख 62 हजार मत प्राप्त हुआ था ,जिसमे 90 प्रतिशत बैश्य समाज का मत था जिसके कारण उन्हें इतनी बड़ी विजय प्राप्त हुई थी , यदि इस बार बैश्य मतदाताओ ने अपने समाज के राजकुमार अग्रवाल का साथ दे दिया तो फिर मौजूदा बिधायक के लिए स्वय का इतिहास दोहराना मुश्किल हो जाएगा और जिस प्रकार भारी संख्या में बैश्य समाज राजकुमार अग्रवाल के साथ जुड़ रहा है अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी जैसे जैसे मतदान का समय नजदीक आता जा रहा है नोएडा विधान सभा का इस बार का चुनाव रोचक होता जा रहा है । परिणाम जो भी हो किन्तु राज कुमार अग्रवाल का भव्य और जोरदार नामांकन देख कर सभी पार्टियों के उम्मीद वारो को ठंड में भी पसीने आ गए हैं

