Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » नई शिक्षा नीति के अंतर्गत अब बीएड का कोर्स 2022 से 4 साल का होगा
    Headlines शिक्षा

    नई शिक्षा नीति के अंतर्गत अब बीएड का कोर्स 2022 से 4 साल का होगा

    Devanand SinghBy Devanand SinghSeptember 21, 2020No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    नई शिक्षा नीति में चार वर्षीय बीएड पाठ्यक्रम लागू करने के लिए ज्यादा मोहलत दिए जाने के बावजूद प्रदेश में यह पहले ही लागू हो सकता है. नई शिक्षा नीति लागू करने को गठित उच्च शिक्षा विभाग की स्टीयरिंग कमेटी को इस संबंध में लगातार सुझाव मिल रहे हैं. ऐसे में यह पाठ्यक्रम वर्ष 2022 से ही लागू करने पर विचार चल रहा है.

    प्रदेश में इस समय दो वर्षीय बीएड पाठ्यक्रम लागू है. अभ्यर्थी चाहे स्नातक हो या स्नातकोत्तर उसे दो वर्षीय बीएड ही करना पड़ता है. हालांकि नई शिक्षा नीति में स्नातकोत्तर उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को एक वर्षीय बीएड करने की छूट देने का भी प्रावधान है.

    दो वर्षीय बीएड केवल स्नातक उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को करना होगा. नई शिक्षा नीति में यह प्रावधान है कि वर्ष 2030 के बाद केवल चार वर्षीय बीएड करने वाले ही शिक्षक भर्ती के लिए पात्र होंगे. इस तरह वर्ष 2026 तक दाखिला लेकर स्नातक के साथ बीएड की डिग्री हासिल करने वाले पात्रता की श्रेणी में आ जाएंगे यह पाठ्यक्रम इंटरमीडिएट के बाद ही चुनना होगा.

    स्टीयरिंग कमेटी के एक सदस्य ने बताया कि चार वर्षीय पाठ्यक्रम संचालित करने की तैयारी पहले से चल रही थी. शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए यह पाठ्यक्रम ज्यादा उपयोगी होगा. इससे शिक्षण कार्य के प्रति प्रतिबद्ध लोग आगे आएंगे. ऐसे में इसे लागू करने में देर करने की जरूरत नहीं है केंद्र सरकार की मंशा भी है कि नई शिक्षा नीति वर्ष 2022 से लागू कर दी जाए.

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleजलवायु परिवर्तन हिमालय के भूगर्भीय जलस्तर को घटा रहा है: शोध
    Next Article राज्यसभा में हंगामा करने वाले आठ सांसदों को स्पीकर ने किया निलंबित

    Related Posts

    आपके प्रेस विज्ञप्ति के आधार पर एक प्रकाशन योग्य, आकर्षक और प्रोफेशनल हिंदी समाचार

    June 27, 2026

    दो साल बाद बहरागोड़ा में फिर शुरू होगा पल्स पोलियो अभियान, 28 से 30 जून तक चलेगा विशेष अभियान

    June 27, 2026

    एडीएलएस सनशाइन स्कूल में सीआईएससीई जोनल कराटे चयन ट्रायल्स का आयोजन, 23 स्कूलों के 196 खिलाड़ियों ने लिया हिस्सा

    June 27, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    अभी-अभी

    पोटका में विकराल रूप लेता जा रहा है ब्रेन मलेरिया, प्रदेश से लेकर जिला की टीम पहुंची

    आदित्यपुर जलापूर्ति योजना: 8 साल बाद भी अधूरी, 15 जुलाई तक पानी नहीं तो जन आंदोलन: पुरेन्द्र

    पोटका में विभिन्न गांव में फैला ब्रेन मलेरिया, पोटका सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भर्ती छात्र _ छात्राओं से मिलने पहुंची समाजसेविका दुखनी सोरेन 

    आपके प्रेस विज्ञप्ति के आधार पर एक प्रकाशन योग्य, आकर्षक और प्रोफेशनल हिंदी समाचार

    राष्ट्रीय राजमार्ग-520 भद्राशाही निकट डिवाइडर पर चढ़ा ट्रक, पुलिया मे गिरने से बाल-बाल बचा 

    दो साल बाद बहरागोड़ा में फिर शुरू होगा पल्स पोलियो अभियान, 28 से 30 जून तक चलेगा विशेष अभियान

    जगन्नाथ रथ यात्रा महोत्सव 29 जून से, चांडिल में भक्ति और उत्साह का माहौल

    बोलानी मे शांतिपूर्ण माहौल मे निकाला गया मूहर्रम का जूलस।युवाओं ने दिखाई हैरतअंगेज कारनामे

    एडीएलएस सनशाइन स्कूल में सीआईएससीई जोनल कराटे चयन ट्रायल्स का आयोजन, 23 स्कूलों के 196 खिलाड़ियों ने लिया हिस्सा

    सेल के अध्यक्ष ने जेजीओएम एवं ओजीओएम की खनन गतिविधियों की समीक्षा की सुरक्षा, उत्पादन वृद्धि एवं तकनीकी नवाचार पर दिया विशेष बल 

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.