लेखक: राष्ट्र संवाद संवाददाता
अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत ने गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सराहनीय कदम उठाया। इस संगठन ने समाज में जागरूकता फैलाने के साथ-साथ व्यावहारिक पहल करके एक मिसाल कायम की है।
अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत का पर्यावरण आयाम
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत, झारखंड के जिला पूर्वी सिंहभूम के पर्यावरण आयाम के तहत उत्क्रमित उच्च विद्यालय, लक्ष्मीनगर, जमशेदपुर के 80 छात्र-छात्राओं के बीच विभिन्न पौधों का वितरण किया गया। इन पौधों में अर्जुन, नीम, अमरूद, शहतूत, कचनार, आंवला, बेल, जामुन, कनैल, गुलमोहर के पौधे शामिल थे।
इस कार्यक्रम में ग्राहक पंचायत के विभिन्न सदस्य, पुष्पांजलि हेमरोम सोय, शशि चौबे, बबन ओझा, अभिलाषा कुमारी के साथ-साथ जिला पर्यावरण आयाम सह प्रमुख वंदना कुमारी, जिला महिला आयाम प्रमुख प्रीति कुमारी, तथा प्रान्त पर्यावरण प्रमुख डॉ अनिता शर्मा उपस्थित थीं।
गुरु पूर्णिमा पर पर्यावरण संरक्षण का संदेश
गुरु पूर्णिमा का पर्व गुरुओं के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का दिन होता है। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत ने इस दिन को पर्यावरण गुरु के रूप में प्रकृति की सेवा करके मनाने का निर्णय लिया। संगठन का मानना है कि पेड़-पौधे ही हमारे सच्चे गुरु हैं जो हमें ऑक्सीजन, छाया और फल प्रदान करते हैं। इस अवसर पर वितरित किए गए पौधों में औषधीय गुणों वाले पौधों को प्राथमिकता दी गई ताकि छात्र उनके महत्व को समझ सकें।
विद्यालय और छात्रों पर प्रभाव
उत्क्रमित उच्च विद्यालय, लक्ष्मीनगर के प्राचार्य ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम छात्रों में पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता पैदा करते हैं। 80 छात्रों को जब पौधे सौंपे गए तो उनके चेहरे पर उत्साह साफ झलक रहा था। प्रत्येक छात्र को एक-एक पौधा दिया गया जिसकी देखभाल की जिम्मेदारी भी उन्हें सौंपी गई। यह प्रयोग उन्हें प्रकृति से जोड़ने का एक व्यावहारिक तरीका है।
वितरित पौधों की विशेषताएं
- अर्जुन: हृदय रोगों में लाभकारी और छायादार वृक्ष।
- नीम: प्राकृतिक कीटनाशक और वायु शोधक।
- आंवला: विटामिन सी का समृद्ध स्रोत।
- बेल: पाचन तंत्र के लिए अमृत समान।
- गुलमोहर: सुंदर फूलों वाला सजावटी और छायादार वृक्ष।
इन पौधों का चयन वैज्ञानिक आधार पर किया गया है ताकि वे स्थानीय जलवायु में आसानी से पनप सकें और लंबे समय तक पर्यावरण को लाभ पहुंचाएं।
संगठन की भविष्य की योजनाएं
अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के पदाधिकारियों ने बताया कि यह कार्यक्रम एक शुरुआत मात्र है। आने वाले समय में झारखंड के अन्य जिलों में भी इसी तरह के पौधा वितरण और जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। संगठन का लक्ष्य है कि प्रत्येक विद्यालय तक हरित क्रांति का संदेश पहुंचे। इसके लिए वे स्थानीय प्रशासन और वन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर रहे हैं। अधिक जानकारी के लिए आप पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की वेबसाइट पर जा सकते हैं।
समाज में सकारात्मक प्रतिक्रिया
स्थानीय निवासियों और अभिभावकों ने इस पहल का स्वागत किया है। उनका कहना है कि जब बच्चे पौधे लगाएंगे तो पूरा परिवार पर्यावरण के प्रति जागरूक बनेगा। इस तरह के कार्यक्रम सामाजिक चेतना जागृत करने में अहम भूमिका निभाते हैं। डॉ अनिता शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि “पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य है।”

