रामगढ़ में एसबीआई बैंक में चोरी के अलर्ट से मचा हड़कंप, जांच में निकला तकनीकी कारण
राष्ट्र संवाद संवादाता
झारखंड के रामगढ़ में शुक्रवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब रामगढ़ थाना प्रभारी के सरकारी मोबाइल नंबर पर भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में चोरी होने का अलर्ट प्राप्त हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस महकमा सक्रिय हो गया और तत्काल बैंक परिसर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। हालांकि बाद में जांच में यह मामला तकनीकी कारणों से उत्पन्न फर्जी अलर्ट का निकला।
जानकारी के अनुसार, रामगढ़ थाना प्रभारी को एसबीआई की सुरक्षा प्रणाली से जुड़े एक ऑटोमेटिक संदेश के माध्यम से बैंक में संभावित चोरी की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुए। मामले की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) आलोक रंजन भी मौके पर पहुंचे।
पुलिस टीम ने करीब नौ मिनट में लगभग दो किलोमीटर की दूरी तय कर बैंक परिसर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। इस दौरान बैंक परिसर और आसपास के क्षेत्रों की सघन तलाशी ली गई। पुलिस ने एहतियात के तौर पर शहर के अन्य संवेदनशील प्रतिष्ठानों और व्यावसायिक क्षेत्रों का भी सत्यापन किया।
जांच के दौरान यह सामने आया कि रामगढ़ मेन रोड स्थित एसबीआई शाखा में सुरक्षा प्रणाली से संबंधित तकनीकी खामी को दूर करने के लिए विशेषज्ञों की टीम कार्य कर रही थी। इसी दौरान बैंक का ‘बरग्लेरी अलार्म’ (Burglary Alarm) अनजाने में सक्रिय हो गया, जिसके कारण ऑटोमेटिक फीड में दर्ज मोबाइल नंबरों पर अलर्ट संदेश पहुंच गया।
सूचना मिलने के बाद पुलिस ने किसी भी तरह का जोखिम नहीं लेते हुए एसबीआई की मेन रोड शाखा के साथ-साथ बिजुलिया स्थित व्यावसायिक शाखा की भी जांच की। हालांकि कहीं भी चोरी, सेंधमारी या अन्य किसी आपराधिक घटना के प्रमाण नहीं मिले।
इस संबंध में एसडीपीओ आलोक रंजन ने बताया कि बैंकों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए विभिन्न प्रकार की ऑटोमेटिक सुरक्षा प्रणालियां स्थापित की जाती हैं। इनमें फायर अलार्म के अलावा बरग्लेरी अलार्म भी शामिल होता है, जो किसी संभावित चोरी, जबरन प्रवेश या सुरक्षा उल्लंघन की स्थिति में स्वतः सक्रिय होकर संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों को सूचना भेजता है।
उन्होंने कहा कि संबंधित बैंक में तकनीकी जांच और मरम्मत का कार्य चल रहा था। इसी दौरान बरग्लेरी अलार्म सक्रिय हो गया और सिस्टम में फीड नंबरों पर जनरेटेड संदेश पहुंच गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बैंक परिसर, आसपास के क्षेत्रों, एटीएम, ज्वेलरी दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच की।
एसडीपीओ ने बताया कि जांच में किसी प्रकार की आपराधिक घटना सामने नहीं आई है और सभी स्थानों पर स्थिति सामान्य पाई गई है। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील करते हुए कहा कि कानून-व्यवस्था पूरी तरह सामान्य है।
हालांकि घटना तकनीकी कारणों से उत्पन्न फर्जी अलर्ट साबित हुई, लेकिन इस पूरे घटनाक्रम ने रामगढ़ पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता और सतर्कता को भी प्रदर्शित किया। सूचना मिलते ही पुलिस का कुछ ही मिनटों में मौके पर पहुंचना और व्यापक स्तर पर सत्यापन अभियान चलाना चर्चा का विषय बना रहा।

