
मुंबई/ ठाणे से एक बेहद चौंकाने वाली और दुखद खबर सामने आ रही है। रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (RPI) के स्थानीय नेता अशोक कांबले का आज इलाज के दौरान निधन हो गया। करीब 10 दिन पहले उन पर जानलेवा हमला किया गया था, जिसके बाद से वे अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे थे। इस घटना के बाद से ही इलाके में भारी तनाव का माहौल बना हुआ है।
क्या है पूरा मामला
घटना ठाणे शहर के श्रीनगर पुलिस स्टेशन क्षेत्र की है। 8 मई 2026 को रामनगर स्थित बुद्धविहार के पास, MIDC एरिया के एक अस्पताल के सामने अज्ञात हमलावरों ने RPI नेता अशोक कांबले पर बेहद बेरहमी से हमला कर दिया था। हमलावरों ने उन पर धारदार और घातक हथियारों से वार किए थे, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
घटना की जानकारी पुलिस को 10 मई को मिली, जिसके तुरंत बाद श्रीनगर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मामला दर्ज किया था।
FIR में दर्ज हैं ये गंभीर धाराएं
पुलिस रिकॉर्ड (FIR No. 0161) के मुताबिक, शुरुआत में पुलिस ने इस मामले में ‘हत्या के प्रयास’ और खतरनाक हथियारों का इस्तेमाल करने के तहत मुकदमा दर्ज किया था।
पुलिस ने नए कानून (B.N.S.S) और शस्त्र अधिनियम के तहत निम्नलिखित धाराओं में केस दर्ज किया था:
भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023: धारा 109(1) (हत्या का प्रयास) और धारा 3(5) (सामान्य इरादा/मिलीभगत)।
शस्त्र अधिनियम (Arms Act), 1959: धारा 4 और धारा 25 (अवैध हथियार रखना और इस्तेमाल करना)।
अब बढ़ेंगी धाराएं: चूंकि अस्पताल में इलाज के दौरान अशोक कांबले ने दम तोड़ दिया है, इसलिए पुलिस अब इस मामले में ‘हत्या’ (धारा 103 BNS) की सख्त धारा जोड़ेगी।
इलाके में तनाव, पुलिस अलर्ट पर
एक जाने-माने राजनीतिक दल के नेता पर हुए इस जानलेवा हमले और अब उनकी मौत के बाद समर्थकों में भारी आक्रोश है। कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए श्रीनगर पुलिस स्टेशन और संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
पुलिस इस मामले में शामिल सभी आरोपियों की धरपकड़ के लिए लगातार छापेमारी कर रही है और कयास लगाए जा रहे हैं कि जल्द ही इस साजिश का पर्दाफाश कर आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

