गम के बीच खुशियों की दस्तक: रघुवंशी परिवार में बेटे के जन्म से लौटी मुस्कान
राष्ट्र संवाद संवाददाता
इंदौर: चर्चित ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी हत्याकांड के बाद शोक में डूबे परिवार में अब खुशी ने दस्तक दी है। रविवार को परिवार में बेटे का जन्म हुआ, जिसके बाद घर में फिर किलकारियां गूंज उठीं। भावुक परिजन इसे दिवंगत राजा की वापसी मानते हुए कह रहे हैं—“हमारा राजा लौट आया।”
यह खुशखबरी राजा के बड़े भाई सचिन रघुवंशी के घर आई है। करीब आठ-नौ महीनों से बेटे की हत्या के गम में डूबा परिवार अब नवजात के आगमन से संभलता नजर आ रहा है। परिवार ने बच्चे का नाम भी ‘राजा’ रखने का निर्णय लिया है।
परिजनों के अनुसार, तेहरवी के दौरान कामाख्या मंदिर के पुजारी ने भविष्यवाणी की थी कि राजा का पुनर्जन्म परिवार में ही होगा। भाई विपिन रघुवंशी ने बताया कि असामान्य परिस्थितियों में हुई मृत्यु के बाद उसके दोबारा परिवार में आने की बात कही गई थी, जिसे अब इस जन्म से जोड़कर देखा जा रहा है।
परिवार ने एक संयोग का भी जिक्र किया है। उनका कहना है कि जिस दिन राजा की हत्या हुई थी, वह ग्यारस का दिन था और दोपहर करीब 2:40 बजे उसकी मौत हुई थी। वहीं नवजात का जन्म भी ग्यारस के दिन दोपहर लगभग 2:42 बजे हुआ। परिजन इसे एक विशेष संकेत मान रहे हैं।
राजा की मां उमा रघुवंशी भावुक होकर बोलीं कि जिस दिन और लगभग जिस समय बेटा उनसे दूर हुआ था, उसी दिन वह फिर घर लौट आया है। उन्होंने इसे भगवान की कृपा बताया।
इसी बीच परिवार ने हत्याकांड में जल्द न्याय की मांग दोहराई है। उन्होंने अदालत से अपील की है कि मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कर आरोपियों को शीघ्र सजा दी जाए।
गौरतलब है कि 11 मई 2025 को राजा रघुवंशी की शादी सोनम रघुवंशी से हुई थी। 20 मई को दोनों हनीमून के लिए मेघालय गए थे, जहां 24 मई को उनका संपर्क टूट गया। 2 जून को राजा का शव खाई में मिला और 4 जून को इंदौर लाया गया। 9 जून को सोनम उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में मिली, जिसके बाद पुलिस ने अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल सभी आरोपी जेल में हैं।

