आर्थिक अपराध मामले में जांच एजेंसियों द्वारा गोदावरी कमोडिटीज़ पर कसा जा रहा शिकंजा
कटकमसांडी रेलवे साइडिंग में बड़े पैमाने पर गोदावरी ने गिराया कोयला के जगह ओबी। बड़ा रैकेट द्वारा कोयले की तस्करी
प्रशासन व परियोजना प्रबंधन से आमलोगों द्वारा संबंधित कंपनी एवं अनुबंधिय ठेकेदारों को तत्काल ब्लैकलिस्ट करने की मांग
राष्ट्र संवाद संवाददाता
चतरा: हजारीबाग जिला स्थित केरेडारी के चट्टी- बारियातु से कटकमसांडी रेलवे साइडिंग तक कोल ट्रांसपोर्टिंग कंपनी गोदावरी कमोडिटीज़ धांधली के कारण सुर्खियों में छाया है। कटकमसांडी साइडिंग में बड़े पैमाने में कोयला के जगह ओबी भंडारण वीडीयो वायरल हुई है। दावा किया जाता है कि कोयला में मिक्स कर जहां आसानी से खानापूर्ति हो जाती है वहीं उच्चस्तरीय रैकेट से सांठगांठ कर हजारों टन कोयला मंडियों में खपाने का गोरखधंधा खूब फल-फूल रहा है।
कार्रवाई: अवैध कोयला परिवहन और फर्जी दस्तावेज
पिछले दिनों नवंबर 2025 में ईडी ने झारखंड और पश्चिम बंगाल में 44 ठिकानों पर एक साथ कार्रवाई की , जहां अहम दस्तावेजों के साथ 14 करोड़ रुपए से अधिक से नकदी और आभूषण जब्त किये। एजेंसियों ने अमान्य दस्तावेजों के सहारे कोयले की ढुलाई के सबूत पाये। फर्जी कांटा घर और टीपी चालान ने जांच एजेंसियों को डिजिटल फुट प्रिंट्स के जरिए मामले के तह तक पहुंचने की चुनौती पेश की है। 3 फरवरी 2026 को भी दिल्ली और पश्चिम बंगाल में 10 ठिकानों पर छापे मारे हैं। हालांकि, एजेंसियों ने शेल कंपनियों के माध्यम से फर्जी एंट्री, कम आय दिखाकर टैक्स चोरी एवं 132 बेनामी खातों को सील कर चुकी है। वहीं शीर्ष निदेशकों भुटोरिया बंधुओं को कई सम्मन जारी हुवे है एवं उनसे कड़ी पूछताछ जारी है। एनटीपीसी (एनएमएल)ने कोयले की गुणवत्ता एवं परिवहन पारदर्शिता जैसे मामलों पर सख्त रुख अख्तियार कर कई बार अस्थाई रोक लगाई है। आएएफआइडी एवं जीपीएस नहीं लगे लगभग 100 वाहनों पर ब्लैकलिस्ट करने की बड़ी कार्रवाई हुई। साथ हीं कइ फर्जी नंबर प्लेट तथा एक्सपायर्ड ट्रांजिट पास भी जब्त हो चुके हैं।
कुल मिलाकर गोदावरी कमोडिटीज़ या उनके अनुबंधित उप- ठेकेदारों के विरुद्ध केंद्रीय जांच एजेंसियों की कार्रवाई से बिचौलियों के होश उड़े हुवे हैं। एनटीपीसी अपने एमडीओ को निगरानी और अनुपालन की सीधी जबाबदेही तय कर रहा है। कटकमसांडी मार्ग में बगैर अनुबंधित कांटा घरों को प्रशासन ने सील कर दिया है।

