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    एक हफ्ते तक रेकी, फर्जी पुलिस बनकर युवा उद्यमी कैरव गांधी का अपहरण, गिरोह का सरगना समेत आठ गिरफ्तार

    dhiraj KumarBy dhiraj KumarJanuary 29, 2026No Comments3 Mins Read
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    एक हफ्ते तक रेकी, फर्जी पुलिस बनकर युवा उद्यमी कैरव गांधी का अपहरण, गिरोह का सरगना समेत आठ गिरफ्तार

    राष्ट्र संवाद संवाददाता

    जमशेदपुर के बिष्टुपुर स्थित सीएच एरिया से युवा उद्यमी कैरव गांधी के अपहरण मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने इस मामले में गिरोह के सरगना समेत कुल आठ अपहरणकर्ताओं को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में बरही के तीन, गया जी के दो, नालंदा के एक और जमशेदपुर के दो युवक शामिल हैं।

    पुलिस ने आरोपियों के पास से पांच पिस्तौल, दो स्कॉर्पियो वाहन, भारी मात्रा में गोलियां, आठ मोबाइल फोन और फर्जी सिम कार्ड बरामद किए हैं। सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने बताया कि पूछताछ के दौरान सभी आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। गिरोह का सरगना गया जिले का निवासी बताया जा रहा है। पुलिस गुरुवार को पूरे मामले का खुलासा करेगी।

    एक सप्ताह तक की गई रेकी, फर्जी पुलिस बनाकर किया गया अपहरण

    पुलिस जांच में सामने आया है कि अपहरण से पहले आरोपियों ने करीब एक सप्ताह तक कैरव गांधी की गतिविधियों की रेकी की थी। इसके बाद उन्होंने स्कॉर्पियो वाहन का नंबर प्लेट बदला और उस पर पुलिस का स्टीकर लगाकर खुद को पुलिसकर्मी बताया। इसी योजना के तहत 13 जनवरी को कैरव गांधी का अपहरण कर लिया गया।

    अपहरण के बाद आरोपियों ने कैरव गांधी को गया और नालंदा जिले में अलग-अलग स्थानों पर घरों में बंद कर रखा। फिरौती की मांग करने के लिए आरोपियों ने फर्जी सिम कार्ड का इस्तेमाल किया और कैरव के पिता व चाचा को फोन किया, हालांकि उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया।

    जंगल में छिपाई गई स्कॉर्पियो, पुलिस ने किया बरामद

    जिस स्कॉर्पियो से अपहरण किया गया था, उसे आरोपियों ने गया के जंगल में छिपा दिया था। पुलिस ने वाहन को बरामद कर लिया है। इसके अलावा एक अन्य स्कॉर्पियो से आरोपी कैरव गांधी को लेकर बरही-चौपरण के बीच हाईवे तक पहुंचे थे।

    फोन कॉल ट्रेसिंग से पकड़े गए अपहरणकर्ता

    पुलिस के अनुसार, 26 जनवरी को एक फोन कॉल ट्रेस करने पर पता चला कि अपहरणकर्ता कैरव गांधी को किसी अन्य स्थान पर शिफ्ट करने की योजना बना रहे हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर घेराबंदी की। सोमवार देर शाम बरही के पास स्कॉर्पियो से जा रहे अपहरणकर्ताओं को पुलिस ने घेर लिया और तीन युवकों को मौके से गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद अन्य आरोपियों की भी गिरफ्तारी हुई।

    14वें दिन घर लौटे कैरव गांधी

    घटना के 14वें दिन यानी सुबह करीब 4 बजे पुलिस कैरव गांधी को सुरक्षित उनके घर लेकर पहुंची। बेटे के गायब होने से उनकी मां का रो-रोकर बुरा हाल था। बेटे को सुरक्षित देखकर उनकी आंखें भर आईं

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