Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » युवाओं की घटती जनसंख्या से चिंतित चीन ने किया दो बच्चों की नीति को खत्म करने का फैसला
    Breaking News Headlines अन्तर्राष्ट्रीय

    युवाओं की घटती जनसंख्या से चिंतित चीन ने किया दो बच्चों की नीति को खत्म करने का फैसला

    Devanand SinghBy Devanand SinghJune 1, 2021No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    बीजिंग. जहां दुनियाभर में बढ़ती जनसंख्या एक परेशानी बनती जा रही है. इसकी वजह से खाद्य सुरक्षा से लेकर स्वास्थ्य तक और तमाम क्षेत्रों में संघर्ष करना पड़ रहा है और दुनिया जनसंख्या को नियंत्रण में लाने की कोशिश कर रही है, ऐसे में चीन से एक चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है. दरअसल चीन ने अपनी दो बच्चों की नीति को खत्म करने का फैसला लिया है और उन्होंने घोषणा की है कि अब चीन में युगल को दो की जगह तीन बच्चे पैदा करने की अनुमति होगी. सरकारी मीडिया झिंहुआ के मुताबिक राष्ट्रपति जी जिनपिंग ने पोलित ब्यूरो मीटिंग में इस बदलाव को फैसला लिया. इस फैसला लेने की वजह दशक में एक बार होने वाली जनगणना है, जिसमें मालूम चला है कि चीन की जनसंख्या में जो बढ़ोतरी हुई है वो पिछले एक दशक में सबसे कम है. इस वजह से देश की राजधानी बीजिंग पर जनसंख्या को बढ़ाने का दबाव बढ़ता जा रहा है जिससे घटती जनसंख्या पर लगाम लगाई जा सके.
    पिछले साल करीब 1 करोड़ 20 लाख बच्चों ने लिया जन्म मई महीने की शुरुआत में चीन की जनगणना की रिपोर्ट जारी की गई जिसके मुताबिक पिछले साल करीब 1 करोड़ 20 लाख बच्चों ने जन्म लिया. 2016 के आंकड़ों (1 करोड़ 80 लाख) की तुलना में ये उल्लेखनीय गिरावट है. और 1960 से जन्मदर की अब तक की सबसे बड़ी गिरावट है. ऐसा समझा जा रहा है कि जनगणना का डेटा सामने आने के बाद चीन ने परिवार नियोजन की नीति में बदलाव किया है.

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleदेश के कई राज्यों में बारिश का अलर्ट, मिलेगी तेज गर्मी से निजात
    Next Article अलीगढ़ : जहरीली शराब पीने से अब तक 84 लोगों की मौत, अधिकारियों के खिलाफ जांच शुरू

    Related Posts

    रांची: जेपीएल फाइनल में भगदड़, JSCA स्टेडियम में कई दर्शक घायल

    June 23, 2026

    झारखंड के ‘दिशोम गुरु’ शिबू सोरेन पद्म भूषण से सम्मानित

    June 23, 2026

    लखनऊ अग्निकांड: कब जागेगा तंत्र, सुधारों की क्यों दरकार?

    June 23, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    अभी-अभी

    जमशेदपुर में ओलंपिक दिवस: 37 पदक विजेता खिलाड़ियों का सम्मान

    रांची: जेपीएल फाइनल में भगदड़, JSCA स्टेडियम में कई दर्शक घायल

    झारखंड के ‘दिशोम गुरु’ शिबू सोरेन पद्म भूषण से सम्मानित

    भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर: SDPO-SHO पर हत्या का केस

    भारतीय ज्ञान-मीमांसा: मिथिला विवि में व्याख्यान

    लखनऊ अग्निकांड में बुलडोजर न्याय: रत्नाकर की सख्त मांग

    सूचना के अधिकार: सरकार के ‘अधूरे फैसले’ पर गलगली के सवाल

    लखनऊ अग्निकांड: कब जागेगा तंत्र, सुधारों की क्यों दरकार?

    लखनऊ में भीषण अग्निकांड: 15 जिंदगियां राख

    कालिकापुर-बागों सड़क की बदहाली से ग्रामीण परेशान, पक्की सड़क निर्माण की उठी मांग

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.