*जवानों के सम्मान से लेकर गांव की एकता तक, रक्षाबंधन मिलन समारोह ने दिया सामाजिक सौहार्द का संदेश*
मृत्युंजय बर्मन
राष्ट्र संवाद संवाददाता, सरायकेला
रक्षाबंधन के अवसर पर काण्ड्रा स्टेशन स्थित रेलवे सुरक्षा बल कार्यालय परिसर में पहली बार अनूठे मिलन समारोह का आयोजन किया गया। ग्रामीणों के सहयोग से हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भाई-बहनों ने भाग लेकर रेल यात्रियों और रेलवे संपत्ति की सुरक्षा में दिन-रात जुटे आरपीएफ जवानों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता प्रकट की।
समारोह का केंद्र केवल पारंपरिक राखी बांधने की रस्म नहीं रहा, बल्कि इसे गांव के लोगों को आपसी प्रेम, विश्वास और सहयोग से जोड़ने के अवसर के रूप में प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम की थीम ‘राखी एकता की, धागा विकास का, रिश्ता विश्वास का, धागा प्यार का’ रखी गई।
समारोह में रक्षाबंधन में शामिल बहनों को ‘काण्ड्रा गौरव बहन सम्मान’ से सम्मानित किया गया। आयोजकों ने कहा कि राखी का धागा भाई-बहन के रिश्ते का प्रतीक होने के साथ समाज में सुरक्षा, विश्वास और एकजुटता का संदेश भी देता है।
कार्यक्रम में लोगों से जाति, धर्म और अन्य भेदभाव से ऊपर उठकर काण्ड्रा के सभी लोगों को एक परिवार की भावना से जोड़ने का आह्वान किया गया। ‘काण्ड्रा को एक परिवार बनाएं’ का संदेश देते हुए ग्रामीणों ने क्षेत्र की एकता, सहयोग और विकास के लिए मिलकर काम करने का संकल्प लिया।
समारोह के दौरान ‘सभी भाई-बहनों की जय हो, माता-पिता की जय हो, भारत माता की जय हो’ के जयघोष के साथ ‘जय हिंद, जय भारत, जय जवान, जय किसान’ के नारों से आरपीएफ परिसर गूंज उठा। समारोह ने रक्षाबंधन को सामाजिक समरसता और राष्ट्र सेवा से जोड़ने का संदेश दिया।

