एसएसपी को हटाकर मुख्यमंत्री ने कड़ा संदेश दे दिया है : कुलबिंदर
जमशेदपुर: डबल डाउन बार के बाहर पुलिस कर्मियों की उपस्थिति में हुए हिमांशु हत्याकांड में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एसएसपी को हटाकर अपराधियों को कठोर संदेश दे दिया है। यह पुलिस विभाग के पदाधिकारी के लिए भी संदेश है कि वह लापरवाही नहीं दिखाएं और कर्तव्य निष्ठा से अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करें।
कौमी सिख मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अधिवक्ता कुलबिंदर सिंह के अनुसार उस समय के मुख्यमंत्री लालू यादव ने अपराध नियंत्रण के लिए डॉक्टर अजय कुमार को नियुक्त कर अपराध पर लगाम लगाई थी, जिसे आज भी याद किया जाता है।
झारखंड अलग राज्य बनने के बाद चाहे बाबूलाल मरांडी मुख्यमंत्री रहे हो या अर्जुन मुंडा या रघुवर दास। जमशेदपुर में सीरियल क्राइम होते रहे, कॉरपोरेट अधिकारी, व्यापारी और डॉक्टर मारे जाते रहे लेकिन कभी भी एसपी या एसएसपी को बदलने का काम नहीं किया गया। झारखंड सरकार को जमशेदपुर जैसे शहर में अपने खुफिया तंत्र को मजबूत करने की जरूरत है, यहां देखा जाना चाहिए कि किस तरह से हेमंत सरकार को बदनाम करने की कोशिश चल रही है।
यहां अपराध नियंत्रण के लिए उपायुक्त एवं एसएसपी को चाहिए कि काले शीशे वाली गाड़ियों के मालिकों के खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज हो, शहर में सड़क किनारे ठेले खोमचे की संस्कृति पनप गई है। यहां सफेदपोश रंगदार दर्जन दर्जन ठेले लगा लाखों रुपए की वसूली कर रहे हैं। जहां अड्डेबाजी और रंगदारी की राजनीति चमकाई जाती है। इसी अड्डेबाजी संस्कृति के कारण हमलावरों के बुलाने पर अपराधी पहुंच गए और हिमांशु तथा प्रत्यूष पर जानलेवा हमला किया।
जिला प्रशासन अपराधियों के खिलाफ डॉ अजय कुमार वाला एक्शन ले तथा कोर्ट में स्पीडी ट्रायल हो। इस तार्किक अंजाम से ही अपराधियों के हौसलों को तोड़ा जा सकेगा।

