बहुभाषीय साहित्यिक संस्था सहयोग के द्वारा बुक फेयर में पुस्तक विमोचन और काव्य गोष्ठी का आयोजन
राष्ट्र संवाद संवाददाता
बहुभाषीय साहित्यिक संस्था सहयोग के द्वारा बुक फेयर में पुस्तक विमोचन और काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया
अध्यक्षीय सम्बोधन देते हुए डॉ.रागिनी भूषण ने कहा कि पुस्तक का कोई विकल्प संभव नहीं । विचारों का विस्तार और गहराई सिर्फ पुस्तकों में ही निहित हैं।
पुस्तक लोकार्पण के दौरान
मंच पर –अध्यक्ष-डॉ.रागिनी भूषण ,सचिव-श्रीमती विद्या तिवारी ,पुस्तक समीक्षक-डॉ.अनिता शर्मा
विशिष्ट अतिथि-विजयलक्ष्मी
पुस्तक लेखक- जयपाल सिंह
सरस्वती जी के चित्र पर पुष्प अर्पण एवं दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का आरंभ किया गया।
अध्यक्ष डाॅ रागिनी भूषण एवं विशिष्ट अतिथि लक्ष्मी सिंह बेदुला का सम्मान पौधा सचिव विद्या तिवारी जी के द्वारा पौधा देकर किया गया।
सरस्वती वंदना का मधुर वचन नीलांबर चौधरी ने वही
स्वागत वक्तव्य सचिव श्रीमती विद्या तिवारी तथा पुस्तक परिचय डॉ.अनिता शर्मा किया लेखक जयपाल सिंह ने अपनी बात रखते हुए बताया कि उन्हें
पुस्तक लेखन की प्रेरणा अपने जीवन के अनुभव से मिली।
मंचासीन अतिथियों द्वारा पुस्तक लोकार्पण का कार्यक्रम संपन्न हुआ।
विशिष्ट अतिथि विजय लक्ष्मी के द्वारा लेखक जयपाल सिंह को शुभकामनाएँ दी गयीं ।
सहयोग संस्था की अध्यक्ष डाॅ मुदिता चंद्रा ने नवांकुर लेखक शिवांश मित्रा की पुस्तक “माइ इमेजिनेशन माइ स्टोरी”
का परिचय सबों से कराया और मंचासीन अतिथियों द्वारा पुस्तक के कवर पृष्ठ का विमोचन किया गया।
कार्यक्रम के दूसरे भाग में काव्य गोष्ठी का आयोजन हुआ। इस दूसरे सत्र में मंच पर
अध्यक्ष-डॉ.रागिनी भूषण ,
संस्था सचिव-विद्या तिवारी ,
संयोजिका-डॉ.कल्याणी कबीर उपस्थित रहीं।
काव्य पाठ में शामिल कवि-कवयित्री:-
सुधा गोयल ,डॉ.ज्योत्सना अस्थाना ,डॉ.संध्या सिन्हा
उपासना सिन्हा ,निवेदिता श्रीवास्तव ,माधवी उपाध्याय
मामचंद अग्रवाल ,बृजेन्द्र नाथ मिश्रा,संतोष चौबे ,सरिता सिंह
सुदीप्ता जेठी राउत , ममता सिंह
माधुरी मिश्रा ,डॉ.कल्याणी कबीर
कुशल संचालन किया उपासना सिन्हा ने और धन्यवाद ज्ञापन माधुरी मिश्रा ने दिया