Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » आठ माह में 890 लाख मानव दिवस का सृजन
    Breaking News झारखंड

    आठ माह में 890 लाख मानव दिवस का सृजन

    Nizam KhanBy Nizam KhanJanuary 7, 2021No Comments4 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    *मनरेगाः- अब तक की सबसे बडी उपलब्धि*
    *आठ माह में 890 लाख मानव दिवस का सृजन*
    *मानव दिवस में 41.5 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी*

    ==================
    *रांची*

    ग्रामीण परिवारों को मनरेगा के तहत स्थायी आजीविका प्रदान करने की दिशा में राज्य सरकार ने कोरोना कालखण्ड के बावजूद अब तक सबसे बड़ी उपलब्धि हासिल की है। बीते आठ माह में ही 890 लाख मानव दिवस का सृजन हो चुका है। लक्ष्य 900 लाख मानव दिवस सृजन का है। झारखण्ड उसे भी प्राप्त करने के करीब है। 12.5 ~लाख~ करोड़ मानव दिवस के लक्ष्य हेतु भारत सरकार से अनुरोध किया गया है, जिसे मार्च तक प्राप्त करने का काम किया जा रहा है। आठ लाख से अधिक मानव दिवस का सृजन कर झारखण्ड पूरे देश में 7वें स्थान पर पहुंच गया। अब तक कुल आठ लाख 77 हजार 682 नये परिवरों को जॉबकार्ड दिया गया, जिसमें कुल 11 लाख 95 हजार 639 मजदूर शामिल हैं। बता दें कि वित्तीय वर्ष 2020-21 में झारखण्ड के लिए 2,74,184 लाख रूपये तथा 800 लाख मानव दिवस श्रम बजट का लक्ष्य निर्धारित किया गया था।

    *सरकार मजदूरी भुगतान में भी अव्वल*

    मनरेगा मजदूरों को ससमय पारिश्रमिक प्रदान करने के मामले में झारखंड राज्य ने पूरे देष में अव्वल स्थान प्राप्त किया है। ससमय पारिश्रमिक भुगतान के मामले में प्रथम स्थान हासिल करने के लिये सरकार ने रोजगार अभियान चलाया और पंचायत स्तर पर योजनाओं के कार्यान्वयन के लिये मनरेगा मजदूरों को एकसूत्र में बांधने का प्रयास किया। रोजगार अभियान के 35 दिनों के अंदर 140 लाख मानव दिवस सृजन कर करीब 82 हजार योजनाओं को भी पूरा किया गया।

    *रोजगार एवं आजीविका बना बड़ा सम्बल*

    कोरोनकाल में मनरेगा योजना ने ग्रामीण क्षेत्र के गरीब परिवारों तथा प्रवासी श्रमिकों के लिए रोजगार और आजीविका के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। बिरसा हरित ग्राम योजना, नीलाम्बर-पीताम्बर जल समृद्धि योजना, वीर शहीद पोटो हो खेल विकास योजना और दीदी बाड़ी योजना का महत्वपूर्ण योगदान रहा। बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत करीब 26 हजार एकड़ भूमि पर 30 हजार से अधिक परिवारों के साथ बागवानी का कार्य किया जा रहा है। नीलाम्बर-पीताम्बर योजना के जरिये लगभग 80 हजार योजनाओं को पूर्ण किया जा रहा है जबकि 1,50,210 योजनाओं पर कार्य जारी है। वहीं वीर शहीद पोटो हो खेल योजना के तहत 1805 योजनाओं पर कार्य जारी है।
    ###
    ================
    #TeamPRD*Corrected & Updated*
    =====================
    *सूचना एवं जनसंपर्क निदेशालय*
    *प्रेस विज्ञप्ति-15/2021*
    *07 जनवरी 2021*

    ==================

    *मनरेगाः- अब तक की सबसे बडी उपलब्धि*
    *आठ माह में 890 लाख मानव दिवस का सृजन*
    *मानव दिवस में 41.5 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी*

    ==================
    *रांची*

    ग्रामीण परिवारों को मनरेगा के तहत स्थायी आजीविका प्रदान करने की दिशा में राज्य सरकार ने कोरोना कालखण्ड के बावजूद अब तक सबसे बड़ी उपलब्धि हासिल की है। बीते आठ माह में ही 890 लाख मानव दिवस का सृजन हो चुका है। लक्ष्य 900 लाख मानव दिवस सृजन का है। झारखण्ड उसे भी प्राप्त करने के करीब है। 12.5 ~लाख~ करोड़ मानव दिवस के लक्ष्य हेतु भारत सरकार से अनुरोध किया गया है, जिसे मार्च तक प्राप्त करने का काम किया जा रहा है। आठ लाख से अधिक मानव दिवस का सृजन कर झारखण्ड पूरे देश में 7वें स्थान पर पहुंच गया। अब तक कुल आठ लाख 77 हजार 682 नये परिवरों को जॉबकार्ड दिया गया, जिसमें कुल 11 लाख 95 हजार 639 मजदूर शामिल हैं। बता दें कि वित्तीय वर्ष 2020-21 में झारखण्ड के लिए 2,74,184 लाख रूपये तथा 800 लाख मानव दिवस श्रम बजट का लक्ष्य निर्धारित किया गया था।

    *सरकार मजदूरी भुगतान में भी अव्वल*

    मनरेगा मजदूरों को ससमय पारिश्रमिक प्रदान करने के मामले में झारखंड राज्य ने पूरे देष में अव्वल स्थान प्राप्त किया है। ससमय पारिश्रमिक भुगतान के मामले में प्रथम स्थान हासिल करने के लिये सरकार ने रोजगार अभियान चलाया और पंचायत स्तर पर योजनाओं के कार्यान्वयन के लिये मनरेगा मजदूरों को एकसूत्र में बांधने का प्रयास किया। रोजगार अभियान के 35 दिनों के अंदर 140 लाख मानव दिवस सृजन कर करीब 82 हजार योजनाओं को भी पूरा किया गया।

    *रोजगार एवं आजीविका बना बड़ा सम्बल*

    कोरोनकाल में मनरेगा योजना ने ग्रामीण क्षेत्र के गरीब परिवारों तथा प्रवासी श्रमिकों के लिए रोजगार और आजीविका के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। बिरसा हरित ग्राम योजना, नीलाम्बर-पीताम्बर जल समृद्धि योजना, वीर शहीद पोटो हो खेल विकास योजना और दीदी बाड़ी योजना का महत्वपूर्ण योगदान रहा। बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत करीब 26 हजार एकड़ भूमि पर 30 हजार से अधिक परिवारों के साथ बागवानी का कार्य किया जा रहा है। नीलाम्बर-पीताम्बर योजना के जरिये लगभग 80 हजार योजनाओं को पूर्ण किया जा रहा है जबकि 1,50,210 योजनाओं पर कार्य जारी है। वहीं वीर शहीद पोटो हो खेल योजना के तहत 1805 योजनाओं पर कार्य जारी है।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleराज्य में कोरोना टीकाकरण अभियान के लिए लगभग 99.89 लाख लोगों को किया गया है चिन्हित
    Next Article कुंडहित के करंगापाड़ा में कृषक पाठशाला प्रशिक्षण का हुआ आयोजन

    Related Posts

    रणनीतिक कूटनीति: अरुणाचल प्रदेश के 27 स्थानों का आधिकारिक मानचित्रण और भारत-चीन संबंध

    August 9, 2026

    अरुणाचल प्रदेश: कार्टोग्राफिक कूटनीति और भारत-चीन संबंध में रणनीतिक पहल

    August 9, 2026

    IIT दिल्ली दीक्षांत समारोह में प्रधानमंत्री मोदी का युवाओं को संदेश: भविष्य की कमान Gen Z के हाथों में

    August 9, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    अभी-अभी

    आदिवासी समाज: भारत की आत्मा एवं प्रकृति के संरक्षक – विश्व आदिवासी दिवस विशेष

    रणनीतिक कूटनीति: अरुणाचल प्रदेश के 27 स्थानों का आधिकारिक मानचित्रण और भारत-चीन संबंध

    विश्व आदिवासी दिवस 2026: भारत की आत्मा और प्रकृति के संरक्षक हैं आदिवासी

    अरुणाचल प्रदेश: कार्टोग्राफिक कूटनीति और भारत-चीन संबंध में रणनीतिक पहल

    IIT दिल्ली दीक्षांत समारोह में प्रधानमंत्री मोदी का युवाओं को संदेश: भविष्य की कमान Gen Z के हाथों में

    विश्व आदिवासी दिवस 2026: भारत की आत्मा और प्रकृति के संरक्षक हैं आदिवासी

    IIT दिल्ली के 57वें दीक्षांत समारोह में PM मोदी का युवाओं को संदेश

    अरुणाचल प्रदेश: कार्टोग्राफिक कूटनीति से चीन को स्पष्ट संदेश, 27 स्थानों का आधिकारिक मानचित्रण

    वाढवण बंदरगाह: 76,200 करोड़ के मेगा प्रोजेक्ट से बदलेगी भारत की समुद्री तस्वीर

    Film Expo India 2026: दिल्ली में सजेगा फिल्म इंडस्ट्री का बड़ा मंच, विंदू दारा सिंह ने CM रेखा गुप्ता को दिया न्योता

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.