बोकारो में घर में ब्लास्ट की यह घटना सेक्टर-12 थाना क्षेत्र के बारी को-ऑपरेटिव कॉलोनी में घटी, जहां आधी रात को हुए एक भीषण विस्फोट ने पूरे इलाके को दहला दिया। गनीमत रही कि इस हादसे में घर में सो रहे पांच लोगों की जान बाल-बाल बच गई, लेकिन मकान का निचला तल पूरी तरह से ध्वस्त हो गया। पुलिस प्रथम दृष्टया गैस पाइप लाइन को वजह मान रही है, मगर दोनों सिलेंडरों के सुरक्षित मिलने से मामला उलझ गया है।
बोकारो में घर में ब्लास्ट: घटना का पूरा विवरण
बोकारो से एक बड़ी खबर सामने आई है। सेक्टर-12 थाना क्षेत्र के बारी को-ऑपरेटिव में आधी रात को एक घर में जोरदार ब्लास्ट हुआ है, जिससे पूरा घर धमाके से उड़ गया। घर का कोना-कोना इस धमाके से तहस-नहस हो गया। गनीमत रही कि घर के लोग बाल-बाल बच गए, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। प्रथम दृष्टया गैस पाइप लाइन से ब्लास्ट की बात कही जा रही है, लेकिन घर के दोनों सिलेंडर सुरक्षित हैं, इसलिए ये पूरा मामला जांच का विषय बन गया है।
बोकारो में घर में ब्लास्ट हुआ है। पूरा घर धमाके से उड़ा है। घर का कोना-कोना इस धमाके से उड़ा है। घटना सेक्टर-12 थाना क्षेत्र के बारी को-ऑपरेटिव की है। बताते चलें कि रात के पौने 3 बजे जब घर के लोग गहरी नींद में सोए हुए थे, तभी अचानक घर में जोरदार ब्लास्ट होता है और घर के नीचे तल्ले का कोना-कोना उड़ जाता है।
विस्फोट इतना भयानक था कि आप तस्वीरों में साफ देख सकते हैं कि कैसे दीवारें टूट गईं, छत का मलबा बिखर गया।
कलश स्थापना बनी रक्षक, मलबा बिस्तर पर गिरा
घर के मालिक अनिल कुमार झा की मानें तो घर में कलश स्थापना किए थे इसलिए बाल-बाल बचे, नहीं तो घर के निचले तल्ले में 5 लोग सोए हुए थे और ठीक सामने घर का बड़ा-बड़ा मलबा टूटकर गिरा। अगर कुछ सेकंड का भी फर्क होता तो बड़ी अनहोनी हो सकती थी।
वहीं इस हादसे में करीब 30 लाख रुपए के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। पूरा घर रहने लायक नहीं बचा है।
जांच में उलझी पुलिस: गैस पाइप लाइन या कोई और वजह?
हालांकि प्रथम दृष्टया इसे गैस पाइप लाइन या फिर गैस सिलेंडर लीकेज से ब्लास्ट माना जा रहा है लेकिन गृहस्वामी की माने तो घर के दोनों गैस सिलेंडर सुरक्षित हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि घर कैसे उड़ा? ये पूरा मामला जांच का विषय है। पुलिस और तकनीकी टीम मामले की जांच कर रही है।
आधी रात को हुआ ये धमाका पूरे मोहल्ले को दहला गया। तस्वीरें गवाही दे रही हैं कि हादसा कितना बड़ा था। गनीमत है कि जान नहीं गई, लेकिन सवाल वही है – जब सिलेंडर सुरक्षित हैं तो ब्लास्ट कैसे हुआ? क्या गैस पाइप लाइन लीक थी या कोई और वजह? जांच के बाद ही सच्चाई सामने आएगी।
सुरक्षा विशेषज्ञों की राय और आगे की कार्रवाई
इस घटना ने घरेलू गैस पाइपलाइन की सुरक्षा और रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर सिलेंडर सुरक्षित हैं तो विस्फोट का कारण भूमिगत पाइपलाइन में लीकेज या फिर किसी रासायनिक प्रतिक्रिया हो सकती है। फोरेंसिक टीम और गैस कंपनी के तकनीकी अधिकारी घटनास्थल का मुआयना कर साक्ष्य जुटा रहे हैं। प्रशासन ने प्रभावित परिवार को तत्काल राहत मुहैया कराने का आश्वासन दिया है। आसपास के घरों की सुरक्षा जांच भी की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी घटना की पुनरावृत्ति न हो।
अधिक जानकारी के लिए बोकारो जिला प्रशासन की आधिकारिक वेबसाइट पर विजिट करें।

