बेटे की मौत पर पिता का दर्द “हमें सच्चाई चाहिए, दोषियों पर कार्रवाई हो”
राष्ट्र संवाद संवाददाता, जादूगोड़ा
यूसीएल की नरवा माइंस में कार्यरत कर्मी अमित करवा के 20 वर्षीय पुत्र रोहित करवा की इलाज के दौरान हुई मौत को लेकर परिजनों ने कई सवाल उठाए हैं। शोकाकुल पिता अमित करवा ने बेटे की मौत को लेकर निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा, “मेरा बेटा स्वस्थ था, अचानक ऐसा क्या हुआ, हमें सिर्फ सच्चाई चाहिए।”
परिजनों के अनुसार, तबीयत बिगड़ने के बाद रोहित को यूसील अस्पताल से इलाज के लिए दिशान हॉस्पिटल भेजा गया, जहां उसकी मौत हो गई। परिवार ने आरोप लगाया कि इलाज और रेफर करने में अपेक्षित तत्परता नहीं बरती गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
मृतक के पिता ने यूसील अस्पताल के सीएमओ डॉ. देवाशीष भट्टाचार्य की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए उनकी जांच तथा पद से हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाती तो संभव है कि उनके बेटे की जान बचाई जा सकती थी।
परिवार ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच, जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और यूसील प्रबंधन से जवाब की मांग की है। परिजनों ने न्याय के लिए न्यायालय और मानवाधिकार आयोग का दरवाजा खटखटाने की बात कही है।
परिवार ने यह भी सवाल उठाया कि गंभीर मरीजों के लिए बेहतर चिकित्सा सुविधा वाले बड़े अस्पतालों से यूसील का समुचित चिकित्सा सहयोग क्यों नहीं है। पिता ने कहा, “मुझे नौकरी छोड़नी पड़े, फिर भी बेटे की मौत का सच सामने लाकर रहूंगा, ताकि किसी और मां-बाप को यह दर्द न सहना पड़े।”

